वीडियो कॉल के जरिए फिलीपींस के ठग ने ड्राइवर से गुड़गांव में सेटअप कराया ठगी का कॉल सेंटर, एक गिरफ्तार

Edited By Pawan Kumar Sethi, Updated: 23 Mar, 2026 10:08 PM

one arrested in case of fake callcenter setup threw videocall

साइबर ठगी के लिए अब विदेशियों ने वीडियो कॉल का सहारा लेना शुरू कर दिया है। ऐसा ही एक मामला गुड़गांव में सामने आया है जहां एक ठगी का कॉल सेंटर चल रहा था।

गुड़गांव, (ब्यूरो): साइबर ठगी के लिए अब विदेशियों ने वीडियो कॉल का सहारा लेना शुरू कर दिया है। ऐसा ही एक मामला गुड़गांव में सामने आया है जहां एक ठगी का कॉल सेंटर चल रहा था। इस सेंटर को चलाने के लिए फिलीपींस के एक व्यक्ति ने नोएडा के एक ड्राइवर से संपर्क किया और 15 हजार रुपए में नोएडा से पूरा सेटअप गुड़गांव में कराया। जब पुलिस ने रेड की तो सामने आया कि ठगी के सेटअप के लिए सामान फिलीपींस से नेपाल आता था और नेपाल से बिहार के जरिए उनके पास तक पहुंचता था। पुलिस ने आरोपी को रिमांड पर लेकर पूछताछ की है जिसमें पुलिस ने जांच तेज कर दी है। मामले की जांच के दौरान जो भी तथ्य सामने आएंगे उसके आधार पर आगामी कार्रवाई की जाएगी।

गुरुग्राम की ताजा खबरों के लिए लिंक https://www.facebook.com/KesariGurugram पर क्लिक करें।

 

पुलिस के मुताबिक, 17 मार्च को साइबर अपराध वेस्ट को को 2 व्यक्तियों(मकान मालिकों) से 2 शिकायत प्राप्त हुई, जिसमें उन्होंने बताया कि उनके किरायेदारो से उनके मकानों (ब्लॉक-यू, गुरुग्राम) में अवैध रूप से सिम बॉक्स (GSM गेटवे) का संचालन किया जा रहा है, जिसका उपयोग अनधिकृत दूरसंचार गतिविधियों व साइबर अपराध में किया जा सकता है। इन दोनों मामलों में पुलिस ने केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी थी। मौके पर पहुंची पुलिस ने अलग-अलग 2 कमरों से अवैध रूप से संचालित 5 सिम बॉक्स, जिनमें 32-32 सिम पोर्ट एंटीना लगे हुए, 08 राउटर, 18 बैटरी, 03 यूपीएस (इनवर्टर) तथा एयरटेल व वोडाफोन आइडिया के कुल 504 सिम कार्ड बरामद बरामद किए गए।

 

मामले में कार्रवाईकरते हुए 18 मार्च को पुलिस ने कासगंज (उत्तर-प्रदेश) में रेड की व एक आरोपी को गिरफ्तार किया जिसकी पहचान राहुल कुमार (उम्र-30 वर्ष) निवासी ग्राम नगला नोक्स, जिला कासगंज (उत्तर-प्रदेश) के रूप में हुई। आरोपी को अदालत में पेश कर पांच दिन के रिमांड पर लिया गया। 

 

पुलिस हिरासत रिमांड व पूछताछ में ज्ञात हुआ कि आरोपी नोएडा (उत्तर प्रदेश) में कार चलाता है। आरोपी ने बताया कि इसके एक अन्य साथी के माध्यम से इसका संपर्क फिलीपींस के एक व्यक्ति से है जिसके माध्यम से इसके पास उपरोक्त सिम बॉक्स, राउटर्स व अन्य सामान (नोएडा) आया था जो इसने उपरोक्त फिलीपींस के व्यक्ति से वीडियो कॉल के माध्यम से उपरोक्त सिम बॉक्स को सेटअप किया व उनको चेक करता था। आरोपी ने बताया कि इसने ही उपरोक्त सिम बॉक्स व अन्य सामान को यू ब्लॉक, डीएलएफ फेज 3 गुड़गांव पहुंचाया था जिसके बदले इसे फिलीपींस व्यक्ति से 15 हजार रुपये मिले थे। 

 

आरोपी ने बताया कि उपरोक्त उपकरणों का उपयोग इंटरनेट के माध्यम से कॉल रूटिंग व अन्य अवैध गतिविधियों के लिए किया जा रहा था, जिससे साइबर फ्रॉड जैसी घटनाओं को अंजाम दिया जा सकता है। आरोपी ने बताया कि उपरोक्त सिम बॉक्स व अन्य सामान सामान फिलिपिंस से नेपाल आते है व नेपाल से भारत में बिहार भेजे जाते है व बिहार से अलग अलग जगह पर डिलीवर होते है। आरोपी से रिमांड के दौरान एक मोबाइल भी बरामद किया गया है। आरोपी का रिमांड पूरा होने के बाद आज अदालत में पेश कर जेल भेज दिया है। मामले की जांच की जा रही है। 

Related Story

Trending Topics

img title
img title

Be on the top of everything happening around the world.

Try Premium Service.

Subscribe Now!