Edited By Isha, Updated: 22 Mar, 2026 04:02 PM

उत्तर भारत के सबसे बड़े चिकित्सा संस्थान, पीजीआईएमईआर (PGIMER) ने मरीजों को बड़ी वित्तीय राहत देते हुए गामा नाइफ सर्जरी की कीमतों में ऐतिहासिक कटौती की है। संस्थान की गवर्निंग बॉडी के निर्णय के बाद
डेस्क: उत्तर भारत के सबसे बड़े चिकित्सा संस्थान, पीजीआईएमईआर (PGIMER) ने मरीजों को बड़ी वित्तीय राहत देते हुए गामा नाइफ सर्जरी की कीमतों में ऐतिहासिक कटौती की है। संस्थान की गवर्निंग बॉडी के निर्णय के बाद, अब इस सर्जरी के लिए मरीजों को पुरानी दर ₹75,000 के बजाय केवल ₹37,500 का भुगतान करना होगा।
क्या है गामा नाइफ सर्जरी?
गामा नाइफ कोई पारंपरिक सर्जरी नहीं है, बल्कि यह एक नॉन-इनवेसिव (बिना चीर-फाड़ वाली) तकनीक है। इसमें बेहद सटीक गामा किरणों का उपयोग करके मस्तिष्क के भीतर मौजूद ट्यूमर, कैंसर की गांठों और अन्य विकृतियों को खत्म किया जाता है। यह स्वस्थ ऊतकों को नुकसान पहुंचाए बिना सीधे टारगेट पर वार करती है। मरीज को उसी दिन या अगले दिन अस्पताल से छुट्टी मिल जाती है।
प्राइवेट अस्पतालों में इसी सर्जरी का खर्च ₹3 लाख से ₹6 लाख के बीच आता है। पीजीआई के इस कदम से गरीब और मध्यम वर्ग के उन मरीजों को बड़ी राहत मिलेगी जो भारी खर्च के डर से इलाज नहीं करा पाते थे।