Edited By Isha, Updated: 17 May, 2026 12:01 PM

पंजाब व हरियाणा हाईकोर्ट ने हरियाणा विद्युत प्रसारण निगम में वर्षों से संविदा आधार पर कार्यरत डाटा एंट्री ऑपरेटरों को बड़ी राहत देते हुए उनकी नियमितीकरण की मांग पर प्रबंध निदेशक को सुप्रीम कोर्ट
चंडीगढ़: पंजाब व हरियाणा हाईकोर्ट ने हरियाणा विद्युत प्रसारण निगम में वर्षों से संविदा आधार पर कार्यरत डाटा एंट्री ऑपरेटरों को बड़ी राहत देते हुए उनकी नियमितीकरण की मांग पर प्रबंध निदेशक को सुप्रीम कोर्ट के हालिया मदन सिंह बनाम हरियाणा राज्य फैसले के मामले में तीन महीने में निर्णय लेने का आदेश दिया है।
भारत भूषण व अन्य की याचिका पर अदालत ने स्पष्ट किया कि हरियाणा सरकार की 18 जून 2014 की नियमितीकरण नीति जिसे 20 जून और 28 जुलाई 2014 की अधिसूचनाओं से स्पष्ट किया गया था, अब सर्वोच्च न्यायालय की ओर से वैध ठहराई जा चुकी है। ऐसे में पात्र कर्मचारियों के दावों की अनदेखी नहीं की जा सकती।
बीच विभिन्न तिथियों पर पहले हारट्रॉन के माध्यम से और बाद में सीधे निगम की ओर से डाटा एंट्री ऑपरेटर के रूप में नियुक्त किए गए थे। इसके बाद से वे बिना किसी सेवा-विराम के लगातार कार्यरत हैं। उनका कहना था कि वे नियमितीकरण नीति की सभी शर्तें पूरी करते हैं बावजूद इसके उन्हें स्थायी सेवा लाभ नहीं दिया।