हरियाणा के कई जिलाें की हवा जहरीली, अब CPCB ने दिए ये निर्देश

Edited By vinod kumar, Updated: 06 Jan, 2020 10:27 AM

many districts of haryana air poisoning now cpcb gave these instructions

पिछले कुछ महीनों के दौरान हरियाणा के कई जिलेे वायु प्रदूषण के मामले में नए रिकॉर्ड कायम कर चुके हैं। मौसम में बदलाव के साथ ही हरियाणा में वायु प्रदूषण का स्तर कम तो हुआ है, लेकिन सैंट्रल पॉल्यूशन ऑफ कंट्रोल बोर्ड (सी.पी.सी.बी.) की रिपोर्ट में अभी भी...

चंडीगढ़(गौड़): पिछले कुछ महीनों के दौरान हरियाणा के कई जिलेे वायु प्रदूषण के मामले में नए रिकॉर्ड कायम कर चुके हैं। मौसम में बदलाव के साथ ही हरियाणा में वायु प्रदूषण का स्तर कम तो हुआ है, लेकिन सैंट्रल पॉल्यूशन ऑफ कंट्रोल बोर्ड (सी.पी.सी.बी.) की रिपोर्ट में अभी भी कई जिले ऐसे हैं जहां स्थिति में सुधार नहीं हो पाया है। गुरुग्राम, फरीदाबाद, जींद, रोहतक, सोनीपत, भिवानी, हिसार और यमुनानगर में रहने वाले लोग अभी भी जहरीली हवा में सांस लेने के लिए मजबूर हैं।

यही वजह है कि सी.पी.सी.बी. ने राज्य में फरवरी के अंत तक वायु प्रदूषण का स्तर बढ़ाने वाली गतिविधियों से सख्ती से निपटने के निर्देश दिए हैं। हरियाणा स्टेट पॉल्यूशन कंट्रोल बोर्ड (एच.एस.पी.सी.बी.) को जारी की गई एडवाइजरी में सी.पी.सी.बी. ने वायु प्रदूषण के स्तर को सुधारने के लिए हर प्रकार के जरूरी कदम उठाने की हिदायत दी है। विशेषतौर से कच्ची सड़कों से निकलने वाली धूल, अनधिकृत पार्किंग और ट्रैफिक को सी.पी.सी.बी. ने वायु प्रदूषण को बढ़ाने वाले मुख्य कारणों में रखा है। इनसे निपटने के लिए हरियाणा को सभी जरूरी कदम उठाने के लिए कहा गया है। 

एन.सी.आर. में स्थिति खराब
एडवाइजरी में बताया गया है कि नैशनल कैपिटल रीजन (एन.सी.आर.) में वायु प्रदूषण का स्तर काफी खराब है। इसलिए प्रदेश में ऐसी गतिविधियों के खिलाफ जीरो टोलरैंस को अपनाया जाए जिनकी वजह से वायु की गुणवत्ता पर असर पड़ रहा है। विशेषतोर से अवैध तरीके से चल रही औद्योगिक इकाइयों से सख्ती से निपटा जाए। जरूरत पडऩे पर नैशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (एन.जी.टी.) के आदेशानुसार ऐसी यूनिट्स के चालान किए जाएं। 

साप्ताहिक रिपोर्ट भेजने के निर्देश
राज्य के पॉल्यूशन बोर्ड को अब 29 फरवरी तक हर सप्ताह एक रिपोर्ट सी.पी.सी.बी. के पास सबमिट करवानी होगी। इस रिपोर्ट में जानकारी देनी होगी कि रोजाना क्या एक्शन लिए जा रहे हैं। इसके साथ ही अभी तक कितना जुर्माना वसूल किया गया है इसके बारे में भी बताना होगा। सोशल मीडिया पर अगर कोई शिकायत भेजी जाती है तो जरूरत पडऩे पर उसका निपटारा भी 24 घंटे के भीतर करने की सलाह दी गई है। 

Related Story

Trending Topics

img title
img title

Be on the top of everything happening around the world.

Try Premium Service.

Subscribe Now!