चाइनीज हैकरों के लिए हरियाणा सहित अन्य राज्यों से करते थे मानव तस्करी, पुलिस ने किए दो गिरफ्तार

Edited By Pawan Kumar Sethi, Updated: 24 Nov, 2025 08:56 PM

two arrested for human traffiking for chinese hackers

विदेश भेजने के नाम पर मानव तस्करी कर पीड़ित युवकों से साइबर फ्रॉड कराने का मामला सामने आया है। पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपी विदेश में नौकरी करने की चाह रखने वालों को पहले थाईलैंड भेजते।

गुड़गांव, (ब्यूरो): विदेश भेजने के नाम पर मानव तस्करी कर पीड़ित युवकों से साइबर फ्रॉड कराने का मामला सामने आया है। पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपी विदेश में नौकरी करने की चाह रखने वालों को पहले थाईलैंड भेजते। वहां से अवैध रूप से उन्हें दूसरे देशों में भेजकर चीन नागरिकों द्वारा संचालित अवैध कॉल सेंटर के जरिए ठगने के कार्य में लगाया जाता था। म्यांमार और थाईलैंड पुलिस के माध्यम से गुडग़ांव पुलिस ने दो आरोपियों को भारत डिपोर्ट कराया और उन्हें गिरफ्तार कर लिया। आरोपी अब तक हरियाणा और राजस्थान के छह लोगों को अपने झांसे में ले चुके हैं। पुलिस ने आरोपियों को अदालत में पेश कर तीन दिन के रिमांड पर लिया है।

गुरुग्राम की ताजा खबरों के लिए लिंक https://www.facebook.com/KesariGurugram पर टच करें। 


दरअसल, साइबर क्राइम मानेसर थाना पुलिस में एक युवक ने शिकायत दी थी कि थाईलैंड में नौकरी दिलाने को झांसा देकर उनके साथ ठगी हुई है। उसके भाई को थाईलैंड भेजकर  वहां से म्यामार ले जाकर साइबर ठगी का कार्य करने को कहा गया। जब उसने मना किया तो उसे मारने की धमकी देकर भारत वापस भेजने के नाम पर चार लाख रुपए वसूले गए। इसके बाद भी भाई को वापस नहीं भेजा गया। बाद में म्यामांर सेना द्वारा वहां से भगाने के बाद उसके भाई को उनके चंगुल से बचाया गया। मामले में कार्रवाई करते हुए एसीपी क्राइम प्रियांशु दीवान की अगुवाई में साइबर क्राइम मानेसर थाना प्रभारी इंस्पेक्टर मनोज कुमार की टीम ने दो आरोपियों को हिसार से काबू काबू कर लिया। जिनकी पहचान हिसार के संदीप (24) व मुकुल (26) के रूप में हुई।


आरोपियों से पुलिस पूछताछ में सामने आया कि आरोपी संदीप दिसम्बर-2024 में तथा व मुकुल जून-2025 को म्यांमार गए थे।  जहां ये चाईना मूल के लोगों से मिले और ये उनके साथ मिलकर साइबर फ्रॉड के काम करने लगे। चाईनीज लोग अवैध तरीके के काम/ठगी के लिए भारत से युवाओं को बुलाते हैं। जिसके बदले ये कमीशन के तौर पर प्रत्येक व्यक्ति के करीब 5/6 हजार थाईवा देते है। वहीं एजेंट को अलग से कमीशन देते है। आरोपी संदीप भी भारत से युवाओं को बुलाकर कमीशन कमाने में संलिप्त हो गया और यह टेलीग्राम व इंस्टाग्राम के माध्यम से भारत में युवाओं से सम्पर्क करता और भारत के युवाओं को थाईलैंड में नौकरी दिलाने का झांसा देकर बुलाता। उन्हें अवैध तरीके से थाईलैन्ड से म्यांमार ले जाता, फिर वहां ले जाकर चाईना मूल के लोगों द्वारा संचालित साइबर ठगी के कार्य में भारतीय युवाओं को झोंक देता। जब कोई व्यक्ति इसका विरोध करते तो उन्हें ये मारने की धमकी देते तथा वापस भेजने के लिए मोटी रकम वसूलते। संदीप ने पीङित को भारत वापस भेजने के बदले उससे चार लाख रुपए वसूले थे। आरोपी संदीप ने अपने साथी आरोपी मुकुल के बैंक खाते में रुपए  ट्रांसफर कराए थे।  दोनों आरोपियों को दिल्ली डिपोर्ट किया गया।

 

आरोपियों से की गई पुलिस पूछताछ में सामने आया कि आरोपी मानव तस्करी करने, नौकरी का झांसा देकर साइबर ठगी के लिए युवाओं को विदेश भेजने तथा विदेश ले जाकर उन्हें किसी अन्य देश ले जाकर उन्हें जान से मारने की धमकी देकर अवैध कार्य कराने की वारदातों को अंजाम देते थे और इसके बदले ये अपने चाईना मूल के साथियों से मोटा कमीशन प्राप्त करते थे। ये अब तक हरियाणा व राजस्थान के करीब छह युवाओं को नौकरी का झांसा देकर विदेश भेजने की वारदातों को अंजाम देने में संलिप्त रहे है।

 

एसीपी साइबर क्राइम प्रियांशु दीवान का कहना है कि आरोपियों को अदालत में पेश कर रिमांड पर लिया गया है। आरोपियों से रिमांड के दौरान उनके साथियों के बारे में पूछताछ की जाएगी और जांच के दौरान जो भी तथ्य सामने आएंगे उसके आधार पर आगामी कार्रवाई की जाएगी।
 

Related Story

Trending Topics

img title
img title

Be on the top of everything happening around the world.

Try Premium Service.

Subscribe Now!