Edited By Isha, Updated: 26 Mar, 2026 12:42 PM

हरियाणा एंटी करप्शन ब्यूरो (एसीबी) ने फर्जी छात्रवृत्ति घोटाले में बड़ी कार्रवाई करते हुए करोड़ा गांव निवासी सेंटर संचालक धर्मबीर, राजेश कुमार और नवीन कुमार के खिलाफ कैथल कोर्ट में चालान पेश किया है
कैथल: हरियाणा एंटी करप्शन ब्यूरो (एसीबी) ने फर्जी छात्रवृत्ति घोटाले में बड़ी कार्रवाई करते हुए करोड़ा गांव निवासी सेंटर संचालक धर्मबीर, राजेश कुमार और नवीन कुमार के खिलाफ कैथल कोर्ट में चालान पेश किया है। आरोप है कि इन्होंने सुनियोजित तरीके से फर्जी दस्तावेज तैयार कर सरकारी छात्रवृत्ति की 44.59 लाख रुपये की राशि हड़प ली।
जांच में सामने आया है कि इन लोगों ने शैक्षणिक सत्र 2013-14 और 2014-15 के दौरान 91 छात्र-छात्राओं के नाम पर फर्जी बैंक खाते खुलवाए। इसके बाद पंजाब के विभिन्न शिक्षण संस्थानों में फर्जी दाखिले दिखाकर छात्रवृत्ति के आवेदन तैयार किए। इन आवेदनों पर कॉलेजों की जाली मुहर, प्राचायों के फर्जी हस्ताक्षर, नकली उपस्थिति रजिस्टर लगाकर दस्तावेजों को वैध दर्शाया गया।
आरोपियों ने इन दस्तावेजों को जिला कल्याण अधिकारी, कैथल के कार्यालय में जमा करवा कर छात्रवृत्ति स्वीकृत करवाई और बाद में बायोमीट्रिक, चेक व अन्य माध्यमों से कुल 44 लाख 59 हजार 760 रुपये निकालकर अपने खातों में ट्रांसफर कर लिए।
मामले में 19 दिसंबर 2023 को भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम और भारतीय दंड संहिता की धाराओं के तहत केस दर्ज किया गया था। 29 दिसंबर 2025 को तीनों आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। नवीन कुमार फिलहाल जमानत पर है जबकि धर्मबीर और राजेश कुमार न्यायिक हिरासत में हैं। एसीबी के अनुसार मामले में एक अन्य आरोपी, तत्कालीन बैंक अधिकारी हुकम चंद गुप्ता (सेवानिवृत्त) की गिरफ्तारी अभी बाकी है।