Edited By Krishan Rana, Updated: 15 Jun, 2026 07:27 PM

पेट्रोल और डीजल की खपत कम करने के नाम पर हरियाणा में धरने-प्रदर्शन और राजनीतिक रैलियों पर लगाए गए प्रतिबंध के खिलाफ अभय सिंह चौटाला ने हमला बताते हुए
चंडीगढ़ (चन्द्र शेखर धरणी): पेट्रोल और डीजल की खपत कम करने के नाम पर हरियाणा में धरने-प्रदर्शन और राजनीतिक रैलियों पर लगाए गए प्रतिबंध के खिलाफ इंडियन नेशनल लोकदल (इनेलो) ने मोर्चा खोल दिया है। पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अभय सिंह चौटाला ने सरकार के इस फैसले को लोकतांत्रिक अधिकारों पर सीधा हमला बताते हुए कहा कि जनता की आवाज दबाने की किसी भी कोशिश को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
25 सितंबर की रैली का ऐलान, सरकार को दी खुली चुनौती
सोमवार को पार्टी मुख्यालय में पत्रकारों से बातचीत करते हुए अभय चौटाला ने कहा कि 25 सितंबर को पूर्व उपप्रधानमंत्री चौधरी देवीलाल की जयंती पर इनेलो विशाल रैली आयोजित करेगी। उन्होंने चुनौतीपूर्ण अंदाज में कहा कि यदि किसी में हिम्मत है तो उस रैली को रोककर दिखाए। तब जनता को भी पता चल जाएगा कि लोकतंत्र की असली ताकत क्या होती है।
डीजल वितरण पर सरकार के फैसले को बताया अव्यावहारिक
चौटाला ने किसानों और व्यापारियों को 200 लीटर से अधिक डीजल नहीं देने के फैसले पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि ऐसे निर्णय जमीनी हकीकत से दूर हैं और किसानों व कारोबारियों के कामकाज को प्रभावित करेंगे। उन्होंने सोने की खरीद को लेकर सरकारी सोच पर भी टिप्पणी करते हुए कहा कि भारतीय समाज में बेटी की शादी और पारिवारिक परंपराओं का विशेष महत्व है, जिसे नजरअंदाज नहीं किया जा सकता।
ओबीसी गणना को लेकर सरकार पर लगाया साजिश का आरोप
इनेलो नेता ने जनगणना प्रक्रिया का मुद्दा उठाते हुए आरोप लगाया कि अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति की गणना तो की जा रही है, लेकिन अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) से जुड़ा कॉलम हटाकर बड़ी आबादी को नजरअंदाज किया जा रहा है। उन्होंने इसे सामाजिक न्याय के खिलाफ कदम बताया।
कानून व्यवस्था और नशे पर सरकार को घेरा
अभय चौटाला ने कहा कि राष्ट्रीय अपराध रिकॉर्ड ब्यूरो के आंकड़े हरियाणा में बिगड़ती कानून व्यवस्था की तस्वीर पेश कर रहे हैं। उन्होंने दावा किया कि कभी नशे की समस्या के लिए बदनाम पंजाब से भी अधिक गंभीर स्थिति अब हरियाणा में बनती जा रही है। सरकार इस चुनौती से निपटने में पूरी तरह विफल साबित हुई है।
कांग्रेस पर भी साधा निशाना
भाजपा सरकार पर हमलावर रहने के साथ-साथ चौटाला ने कांग्रेस को भी नहीं बख्शा। उन्होंने कहा कि प्रदेश का मुख्य विपक्षी दल अपनी भूमिका निभाने में असफल रहा है और जनता कांग्रेस के भाजपा के प्रति नरम रवैये से निराश है।
मानसून तैयारियों पर उठाए सवाल
इनेलो अध्यक्ष ने मानसून से पहले प्रशासनिक तैयारियों पर भी गंभीर सवाल खड़े किए। उन्होंने कहा कि प्रदेश के कई इलाकों में जल निकासी चैनलों की सफाई अब तक नहीं हुई है। डबवाली की ड्रेन नंबर-6 टूटी हुई पड़ी है और कई स्थानों पर गंदगी जमा है। चौटाला ने आरोप लगाया कि कागजों में सफाई कार्य पूरा दिखाकर सरकारी धन का दुरुपयोग किया गया है।
सरकार के फैसलों के खिलाफ आक्रामक होगी इनेलो
चौटाला के तेवरों से साफ संकेत मिला कि इनेलो आने वाले दिनों में जनहित और लोकतांत्रिक अधिकारों के मुद्दे पर सरकार के खिलाफ आक्रामक रणनीति अपनाने जा रही है। 25 सितंबर की प्रस्तावित रैली को लेकर भी पार्टी ने इसे शक्ति प्रदर्शन का बड़ा मंच बनाने की तैयारी शुरू कर दी है।
(पंजाब केसरी हरियाणा की खबरें अब क्लिक में Whatsapp एवं Telegram पर जुड़ने के लिए लाल रंग पर क्लिक करें)