Edited By Isha, Updated: 18 Jul, 2026 11:41 AM

जिले के गांव हांसावास में 2 नाबालिग लड़कियों की शादी की चल रही तैयारियों की सूचना मिलते ही जिला संरक्षण एवं बाल विवाह निषेध अधिकारी मौके पर पहुंची और शादियों को रुकवा दिया। नाबालिग दुल्हनों की बारात राजस्थान से आनी थी।
रेवाड़ी: जिले के गांव हांसावास में 2 नाबालिग लड़कियों की शादी की चल रही तैयारियों की सूचना मिलते ही जिला संरक्षण एवं बाल विवाह निषेध अधिकारी मौके पर पहुंची और शादियों को रुकवा दिया। नाबालिग दुल्हनों की बारात राजस्थान से आनी थी।
गांव हांसावास में 2 नाबालिग लड़कियों के विवाह की घर में तैयारियां चल रही थीं। दुल्हन बनने वाली लड़कियों में से एक की क उम्र कानूनी तौर पर 2 साल व दूसरी की 4 माह कम थी। किसी ने इसकी सूचना जिला संरक्षण एवं बाल विवाह निषेध अधिकारी सरिता शर्मा को दी।
सूचना की पुष्टि करने के लिए सरिता शर्मा पुलिस को साथ लेकर शुक्रवार को गांव पहुंची। जांच-पड़ताल के बाद 2 लड़कियों के नाबालिग होने की पुष्टि हुई। 22 जुलाई को होने वाली शादी में शामिल होने मेहमान घर पर पहुंचने शुरू हो गए थे। बारात राजस्थान से आनी थी। अधिकारी सरिता शर्मा ने दोनों लड़कियों के जन्म प्रमाण पत्र की भी जांच की। परिजनों को विवाह न करने के लिए समझाया गया। आखिर में दोनों शादियां टाल दी गईं और परिजनों से लिखित में बालिग होने तक विवाह नहीं करने का आश्वासन लिया।