Edited By Isha, Updated: 28 Mar, 2026 04:36 PM

भारतीय रेलवे ने पर्यावरण अनुकूल (Eco-friendly) यातायात की दिशा में एक ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल की है। जींद-सोनीपत रेल मार्ग पर देश की पहली हाइड्रोजन संचालित ट्रेन (Hydrogen Train) का परफॉर्मेंस ट्रायल सफलतापूर्वक संपन्न हो गया है।
जींद: भारतीय रेलवे ने पर्यावरण अनुकूल (Eco-friendly) यातायात की दिशा में एक ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल की है। जींद-सोनीपत रेल मार्ग पर देश की पहली हाइड्रोजन संचालित ट्रेन (Hydrogen Train) का परफॉर्मेंस ट्रायल सफलतापूर्वक संपन्न हो गया है। परीक्षण के दौरान ट्रेन की कार्यक्षमता और ईंधन खपत के जो आंकड़े सामने आए हैं, वे बेहद उत्साहजनक हैं।
ट्रायल के दौरान यह देखा गया कि ट्रेन 800 ग्राम हाइड्रोजन गैस की खपत में एक किलोमीटर का सफर तय कर रही है। विशेषज्ञों के अनुसार, यह प्रदर्शन उम्मीद के मुताबिक है और भविष्य में इसे और बेहतर बनाने की गुंजाइश है। इस ट्रेन की सबसे बड़ी खासियत यह है कि यह पूरी तरह प्रदूषण मुक्त है और धुएं के बजाय केवल पानी की भाप (Water Vapour) छोड़ती है।
ट्रायल की मुख्य बातें
- जींद से सोनीपत के बीच विभिन्न गति सीमाओं पर ट्रेन को चलाकर परखा गया।
- ट्रेन में लगे फ्यूल सेल और हाइड्रोजन स्टोरेज टैंक की सुरक्षा और कार्यक्षमता की बारीकी से जांच की गई।
- सामान्य डीजल इंजनों के मुकाबले यह ट्रेन काफी शांत और कम शोर वाली पाई गई।
रेलवे अधिकारियों के अनुसार, इस सफल ट्रायल के बाद अब डेटा का विश्लेषण किया जाएगा। जल्द ही इस रूट पर आम यात्रियों के लिए हाइड्रोजन ट्रेन का संचालन शुरू होने की उम्मीद है। यह प्रोजेक्ट प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 'नेशनल ग्रीन हाइड्रोजन मिशन' का एक अहम हिस्सा है, जिसका उद्देश्य भारत को दुनिया में ग्रीन एनर्जी का हब बनाना है।