MBBS छात्र ने पीजी में लगाया फंदा, कमरे से बदबू आने पर हुआ खुलासा, जाने पूरा मामला

Edited By Pawan Kumar Sethi, Updated: 23 Apr, 2026 08:43 PM

mbbs student committed suicide in pg

आईएमटी मानेसर थाना एरिया के बासकुसला स्थित पीजी में एमबीबीएस के अंतिम वर्ष के छात्र ने फंदा लगाकर ख़ुदकुशी कर ली। सूचना मिलने पर पुलिस ने पीजी के कमरे का दरवाजा तोडक़र शव को सड़ी-गली हालत में बरामद किया। पुलिस को कमरे से कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है।

गुड़गांव, (ब्यूरो): आईएमटी मानेसर थाना एरिया के बासकुसला स्थित पीजी में एमबीबीएस के अंतिम वर्ष के छात्र ने फंदा लगाकर ख़ुदकुशी कर ली। सूचना मिलने पर पुलिस ने पीजी के कमरे का दरवाजा तोडक़र शव को सड़ी-गली हालत में बरामद किया। पुलिस को कमरे से कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है।

गुरुग्राम की ताजा खबरों के लिए लिंक https://www.facebook.com/KesariGurugram पर क्लिक करें।

 

जानकारी अनुसार, नारनौल के खामपुर गांव निवासी अंकित एमबीबीएस के अंतिम वर्ष में पढ़ाई कर रहा था। वह जनवरी माह से शंकर की ढाणी, बासकुसला स्थित श्रीकृष्ण पीजी में किराये पर रह रहा था। बुधवार की शाम को पीजी संचालक कपिल यादव ने कमरे से बदबू आने पर डायल 112 पर कॉल करके पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलने पर आईएमटी मानेसर थाने की पुलिस मौके पर पहुंची। कमरे का दरवाजा अंदर से बंद मिला। पुलिस ने कमरे का दरवाजा तोड़ा तो शव पंखे पर लटका हुआ था। अंकित ने बेड पर बाल्टी को उलटा रखकर पंखे से फंदा लगाकर आत्महत्या की थी। पुलिस ने एफएसएल व फिंगरप्रिंट विशेषज्ञों की टीम से निरीक्षण कराया।

 

युवक का शव सड़ी-गली हालत में मिला, जिसको देखकर अंदाजा लगाया जा रहा है कि उसने चार-पांच दिन पहले फंदा लगाकर आत्महत्या की होगी। पुलिस ने जांच के दौरान कमरे में मिले आधार कार्ड पर पते के आधार पर महेंद्रगढ़ के खामपुर गांव के सरपंच से संपर्क किया और मृत युवक के परिवार के बारे में पता किया व मामले की जानकारी दी। पीजी संचालक कपिल यादव ने पुलिस को बताया कि अंकित (मृतक) किसी से ज्यादा बातचीत नहीं करता था। ऐसे में उस पर ध्यान नहीं दिया कि वह कमरे में निकला या नहीं। मृत युवक के मामा सूबे सिंह ने बताया कि एमबीबीएस के अंतिम वर्ष की पढ़ाई कर रहा था। वह परिवार वालों से भी ज्यादा बातचीत नहीं करता था। भाई अश्विनी ने बताया कि 15 अप्रैल को घर पर व्हाट्सएप पर मैसेज पर ही अंकित से बातचीत हुई थी। उसके बाद कोई बात नहीं हुई। उन्होंने कई बार कॉल करते थे तो मोबाइल स्विच ऑफ बता रहा था या फिर कॉल ट्रांसफर बताता था। वहीं, व्हाट्सएप मैजेज भी किए, लेकिन 15 अप्रैल के बाद से उनको भी नहीं देखा था।

Related Story

Trending Topics

img title
img title

Be on the top of everything happening around the world.

Try Premium Service.

Subscribe Now!