Edited By Krishan Rana, Updated: 26 Feb, 2026 08:48 PM

बजट सत्र के दौरान सदन में विस्तृत जानकारी देते हुए विधानसभा अध्यक्ष हरविन्द्र कल्याण ने बताया कि हालिया
चंडीगढ़ (चन्द्र शेखर धरणी): बजट सत्र के दौरान सदन में विस्तृत जानकारी देते हुए विधानसभा अध्यक्ष हरविन्द्र कल्याण ने बताया कि हालिया दौरों, सम्मेलनों और आयोजनों का मकसद विधायिका को अधिक प्रभावी, आधुनिक और जनोन्मुख बनाना है। हरियाणा विधानसभा को केवल कानून बनाने की जगह नहीं, बल्कि लोकतांत्रिक मूल्यों के जीवंत मंच के रूप में स्थापित करने की दिशा में बीते डेढ़ महीने में कई अहम कदम उठाए गए हैं।
5 जनवरी को उन्होंने केरल विधानसभा का दौरा कर वहां की विधायी कार्यप्रणाली और श्रेष्ठ संसदीय परंपराओं का अध्ययन किया। यह यात्रा केवल औपचारिक मुलाकात नहीं, बल्कि प्रक्रियागत सुधारों की संभावनाएं तलाशने की पहल मानी जा रही है। 14 से 16 जनवरी तक नई दिल्ली स्थित संसद भवन में आयोजित 28वें राष्ट्रमंडल स्पीकर एवं पीठासीन अधिकारी सम्मेलन में उनकी भागीदारी रही।
यह सम्मेलन लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला के नेतृत्व में आयोजित हुआ, जिसमें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी उपस्थित रहे। यहां संसदीय नवाचार, पारदर्शिता और वैश्विक अनुभवों पर विचार-विमर्श हुआ। कल्याण ने स्पष्ट किया कि इन सभी गतिविधियों का उद्देश्य हरियाणा विधानसभा की कार्यप्रणाली को अधिक पारदर्शी, तकनीकी रूप से सक्षम और जनसंपर्क आधारित बनाना है।
युवा संसद: लोकतंत्र की नई पाठशाला
16-17 जनवरी को हरियाणा विधानसभा में ‘युवा संसद-2026’ का आयोजन किया गया। इसका उद्देश्य युवाओं को संसदीय प्रक्रियाओं से जोड़ना और लोकतांत्रिक मूल्यों के प्रति जागरूक करना रहा। विधानसभा को नई पीढ़ी के लिए खुला मंच बनाने की यह पहल भविष्य की राजनीतिक चेतना को आकार देने की कोशिश मानी जा रही है।
लखनऊ से मिली प्रक्रियागत मजबूती
19 से 21 जनवरी तक उत्तर प्रदेश विधानसभा में आयोजित 86वें अखिल भारतीय पीठासीन अधिकारी सम्मेलन में भी उन्होंने भाग लिया। सम्मेलन में राज्यसभा के उपसभापति हरिवंश, उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और राज्यपाल आनंदीबेन पटेल मौजूद रहे।
स्वास्थ्य, योग और संस्थागत संस्कृति
22 जनवरी को हरियाणा विधानसभा और हरियाणा योग आयोग के संयुक्त तत्वावधान में ‘सूर्यनमस्कार अभियान-2026’ के तहत कर्मचारियों के लिए योग शिविर आयोजित हुआ।
ऑस्ट्रेलिया में संसदीय अवलोकन
राष्ट्रमंडल संसदीय सम्मेलन के पोस्ट-कॉन्फ्रेंस टूर के अंतर्गत ऑस्ट्रेलिया दौरे में प्रतिनिधिमंडल ने सिडनी पार्लियामेंट और मेलबर्न पार्लियामेंट का अवलोकन किया। पर्थ स्थित मुर्डक कृषि विश्वविद्यालय का भी भ्रमण हुआ।
गुजरात मॉडल का अध्ययन
11-12 फरवरी को गुजरात दौरे के दौरान बनास सहकारी डेयरी का अवलोकन किया गया तथा राज्यपाल आचार्य देवव्रत से प्राकृतिक खेती पर चर्चा हुई।
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