Edited By Isha, Updated: 07 Aug, 2026 04:21 PM

हरियाणा की राजनीति में बयानबाज़ी का दौर तेज़ होता जा रहा है। सिरसा से कांग्रेस विधायक गोकुल सेतिया ने अपनी ही पार्टी के वरिष्ठ नेता और पूर्व सांसद बिजेंद्र सिंह को खुली चुनौती देते हुए बड़ा राजनीतिक संदेश दिया है।
सिरसा(सतनाम): हरियाणा की राजनीति में बयानबाज़ी का दौर तेज़ होता जा रहा है। सिरसा से कांग्रेस विधायक गोकुल सेतिया ने अपनी ही पार्टी के वरिष्ठ नेता और पूर्व सांसद बिजेंद्र सिंह को खुली चुनौती देते हुए बड़ा राजनीतिक संदेश दिया है। इतना ही नहीं, उन्होंने सिरसा जिला कांग्रेस अध्यक्ष संतोष बेनीवाल पर भी सीधे निशाना साधा और साफ़ कहा कि उनके सिरसा विधानसभा क्षेत्र में किसी भी तरह की राजनीतिक दखलंदाज़ी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। गोकुल सेतिया ने बीजेपी सरकार पर भी सिरसा के विकास को लेकर गंभीर सवाल उठाए। आइए सुनते हैं, क्या कहा कांग्रेस विधायक गोकुल सेतिया ने और क्यों उनके इस बयान ने हरियाणा की राजनीति में नई चर्चा छेड़ दी है।
एक बार फिर अपने बेबाक बयानों को लेकर सुर्खियों में गोकुल सेतिया
सिरसा से कांग्रेस विधायक गोकुल सेतिया एक बार फिर अपने बेबाक बयानों को लेकर सुर्खियों में हैं। इस बार उन्होंने अपनी ही पार्टी के वरिष्ठ नेता और पूर्व सांसद बिजेंद्र सिंह को खुली चुनौती दे डाली। सेतिया ने कहा कि अगर बिजेंद्र सिंह सिरसा विधानसभा क्षेत्र में कोई बड़ा राजनीतिक कार्यक्रम करके दिखा दें, तो वह भी उनके विधानसभा क्षेत्र उचाना में उससे सौ गुना बड़ा कार्यक्रम आयोजित करने के लिए तैयार हैं।गोकुल सेतिया ने कहा कि हर नेता को अपने क्षेत्र में काम करने का अधिकार है, लेकिन यदि कोई उनके विधानसभा क्षेत्र में राजनीतिक हस्तक्षेप करेगा या उनकी राजनीतिक ज़मीन पर दखल देने की कोशिश करेगा, तो वह इसे किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं करेंगे। उन्होंने दो टूक शब्दों में कहा कि सिरसा की जनता ने उन्हें अपना प्रतिनिधि चुना है और वह जनता के सम्मान तथा अपने क्षेत्र की राजनीतिक गरिमा से कोई समझौता नहीं करेंगे।
जिला अध्यक्ष संतोष बेनीवाल पर निशाना साधा
अपने बयान में गोकुल सेतिया ने कांग्रेस की सिरसा जिला अध्यक्ष संतोष बेनीवाल पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि जब संतोष बेनीवाल को जिला अध्यक्ष बनाया गया था, तब उन्होंने उनका पूरा सम्मान किया था और संगठन को मजबूत करने में सहयोग दिया था। लेकिन अब हालात बदल चुके हैं। सेतिया ने आरोप लगाया कि यदि कोई नेता या पदाधिकारी पार्टी को कमजोर करने का प्रयास करेगा या गुटबाज़ी की राजनीति करेगा, तो उसका विरोध किया जाएगा। उन्होंने यह भी कहा कि अब वह खुले तौर पर जिला अध्यक्ष को बदलने की मांग कर रहे हैं क्योंकि संगठन को मजबूत नेतृत्व की जरूरत है। उनका कहना था कि कांग्रेस कार्यकर्ताओं की मेहनत और जनता के विश्वास को किसी भी तरह की आंतरिक राजनीति की भेंट नहीं चढ़ने दिया जाएगा।
बिजेंद्र सिंह को सिरसा में कार्यक्रम के लिए आमंत्रित करना उचित नहीं
गोकुल सेतिया ने 9 अगस्त को प्रस्तावित पूर्व सांसद बिजेंद्र सिंह के संभावित सिरसा कार्यक्रम का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि उनके राजनीतिक विरोधियों द्वारा बिजेंद्र सिंह को सिरसा में कार्यक्रम के लिए आमंत्रित करना उचित नहीं है। उन्होंने सवाल उठाया कि आखिर ऐसे लोगों का उद्देश्य क्या है, जो पार्टी के भीतर अनावश्यक विवाद पैदा करना चाहते हैं। सेतिया ने कहा कि कांग्रेस एक मजबूत संगठन है और पार्टी के नेताओं को मिलकर जनता के मुद्दों पर काम करना चाहिए, न कि एक-दूसरे के खिलाफ राजनीतिक माहौल तैयार करना चाहिए। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि यदि किसी कार्यक्रम का उद्देश्य संगठन को मजबूत करना होगा तो उसका स्वागत किया जाएगा, लेकिन यदि मकसद किसी विधायक की राजनीतिक स्थिति को कमजोर करना होगा, तो उसका कड़ा विरोध किया जाएगा।
बीजेपी सरकार पर भी जमकर हमला बोला
अपनी पार्टी के भीतर चल रही राजनीतिक खींचतान पर बोलने के बाद गोकुल सेतिया ने राज्य की बीजेपी सरकार पर भी जमकर हमला बोला है। उन्होंने कहा कि सिरसा के विकास को लेकर उन्होंने कई बार खुद मुख्यमंत्री और विभिन्न मंत्रियों से मुलाकात की। उन्होंने शहर और जिले से जुड़े विकास कार्यों की सूची सरकार के सामने रखी और बार-बार सिरसा के लिए आवश्यक परियोजनाओं की मांग की। सेतिया ने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री ने कई मामलों में आश्वासन जरूर दिया, लेकिन उन आश्वासनों पर ज़मीनी स्तर पर कोई काम दिखाई नहीं देता। उन्होंने कहा कि यदि सरकार समय पर विकास कार्य पूरे करती, तो आज सिरसा को मूलभूत सुविधाओं के लिए संघर्ष नहीं करना पड़ता।
विकास योजनाओं की गति बेहद धीमी
विधायक ने कहा कि सिरसा के लोगों ने बेहतर सड़कें, आधुनिक सीवरेज व्यवस्था, साफ़ पेयजल, स्वास्थ्य सुविधाएँ और रोजगार के अवसरों की उम्मीद की थी, लेकिन आज भी जिले के कई हिस्से बुनियादी सुविधाओं से जूझ रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि विकास योजनाओं की गति बेहद धीमी है और सरकार के दावों तथा ज़मीनी हकीकत में बड़ा अंतर दिखाई देता है। सेतिया ने कहा कि सिरसा के हालात लगातार बद से बदतर होते जा रहे हैं और सरकार जनता की अपेक्षाओं पर खरी उतरने में विफल रही है। उन्होंने कहा कि जनता अब केवल घोषणाएं नहीं, बल्कि धरातल पर काम देखना चाहती है।
फिलहाल गोकुल सेतिया के इस बयान ने हरियाणा कांग्रेस की अंदरूनी राजनीति को लेकर नई बहस छेड़ दी है। एक ओर उन्होंने पूर्व सांसद बिजेंद्र सिंह को खुली चुनौती दी है, तो दूसरी ओर जिला अध्यक्ष संतोष बेनीवाल के नेतृत्व पर भी सवाल खड़े किए हैं। वहीं बीजेपी सरकार पर विकास को लेकर लगाए गए आरोपों ने राजनीतिक माहौल को और गर्म कर दिया है। अब देखना होगा कि कांग्रेस नेतृत्व इस बयानबाज़ी पर क्या रुख अपनाता है और आने वाले दिनों में सिरसा की राजनीति किस दिशा में आगे बढ़ती है।