Edited By Harman, Updated: 17 Jul, 2026 04:50 PM

रोहतक नगर निगम में उस वक्त अफरा-तफरी का माहौल कायम हो गया जब बम से उड़ाने की धमकी भरा एक ईमेल मिला। वहीं ईमेल मिलने से अधिकारी और कर्मचारी में दहशत फैल गई।
रोहतक (दीपक भारद्वाज) : रोहतक में उस समय हड़कंप मच गया जब नगर निगम कार्यालय व साथ लगते मॉडल स्कूल को ई-मेल के जरिए बम से उड़ाने की धमकी मिली। धमकी भरे मेल में दोपहर 1 बजे से पहले भवन खाली करने की चेतावनी दी गई। मामला ऐसे समय सामने आया है जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का हरियाणा दौरा और जींद में प्रस्तावित रैली सुरक्षा एजेंसियों के लिए पहले से ही संवेदनशील विषय बनी हुई है।

सूचना मिलते ही जिला प्रशासन, पुलिस और नगर निगम के अधिकारी मौके पर पहुंच गए,लेकिन 6 घण्टे बाद डॉग स्क्वायड पहुचने पर पुलिस पर सवालिया निशाल खड़े हो रहे है, एहतियात के तौर पर नगर निगम परिसर के साथ स्थित मॉडल स्कूल को भी खाली कराया जाने लगा। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी है। बताया जा रहा है कि धमकी भरे मेल में खुद को खालिस्तान समर्थक बताते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ आपत्तिजनक बातें लिखी गई हैं। मेल में यह भी कहा गया कि प्रधानमंत्री सिख विरोधी हैं। साथ ही पंजाबी गायक एवं अभिनेता दिलजीत दोसांझ और उनकी फिल्म "सतलुज" का भी जिक्र किया गया है। मेल में डॉ. गुरविंदर सिंह नाम का भी जिक्र किया गया है और प्रधानमंत्री को "खालिस्तान का दुश्मन" बताया गया है।हालांकि, मेल में लिखे गए दावों की सत्यता की अभी तक कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
रोहतक नगर निगम को भेजे गए एक धमकी भरे ई-मेल ने पूरे प्रशासनिक तंत्र को अलर्ट मोड पर ला दिया। मेल में दावा किया गया कि नगर निगम भवन को बम से उड़ाया जाएगा और दोपहर 1 बजे से पहले पूरे परिसर को खाली करने की चेतावनी दी गई। सूचना मिलते ही जिला प्रशासन, पुलिस और नगर निगम के अधिकारी तुरंत मौके पर पहुंचे और सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई।
नगर निगम भवन के बिल्कुल साथ स्थित मॉडल स्कूल को भी एहतियातन खाली कराया जाने लगा ताकि किसी भी संभावित खतरे की स्थिति में बच्चों और स्टाफ की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके। घटना की सूचना मिलते ही आसपास के क्षेत्र में अफरा-तफरी का माहौल बन गया और बड़ी संख्या में लोग मौके पर एकत्र हो गए।
पुलिस इस बात की जांच कर रही है कि ई-मेल किस आईडी से भेजा गया, उसका स्रोत क्या है और इसके पीछे किसका हाथ हो सकता है।यह पूरा घटनाक्रम ऐसे समय सामने आया है जब जींद में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की रैली प्रस्तावित है। ऐसे में सुरक्षा एजेंसियां किसी भी तरह की धमकी को हल्के में नहीं ले रही हैं। खबर लिखे जाने तक पुलिस की टीम मौके पर जांच में जुटी हुई थी, जबकि बम निरोधक दस्ते और डॉग स्क्वाड का इंतजार किया गया और 6 घण्टे बाद दस्ता पहुँचा, प्रशासन ने लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने और केवल आधिकारिक जानकारी पर भरोसा करने की अपील की है।
वहीं दूसरी ओर नगर निगम के मेयर राम अवतार वाल्मीकि ने कहा कि एहतिहास के तौर पर कर्मचारियों को नगर निगम से दूसरी जगह शिफ्ट कर दिया गया है मैंने खुद जांच की लेकिन बम जैसी कोई वस्तु नहीं मिली है हालांकि पुलिस अधिकारियों को भी सूचित कर दिया गया है यह अफवाह फैलाई हो सकती है उन्होंने कहा कि नगर निगम कमिश्नर के पास सुबह मेल आया था तब जानकारी मिली थी।
वहीं पूर्व मंत्री मनीष ग्रोवर ने इसे खालिस्तान की खाली धमकी बताया है उन्होंने कहा कि यह नए दौर का भारत है और किसी से भी डरने वाला नहीं है भारत में आतंकवाद लगातार खत्म होता जा रहा है। वहीं दूसरी ओर स्कूल में अपने बच्चों को लेने आए अभिभावकों ने कहा कि उन्हें सूचना दी गई थी कि बच्चों की छुट्टी जल्दी कर दी गई है उन्होंने कहा यह भी पता चला था की नगर निगम में बम रखने रखने की धमकी दी गई है जिसके चलते वह पहुंचे हैं और अपने बच्चों को लेकर जा रहे हैं उन्होंने कहा कि मामला संदिग्ध था इसलिए बच्चों की सुरक्षा का मामला था।