कोसली में 'बंदरों का कर्फ्यू': घर में कैद होकर रह गए ग्रामीण, 50 से ज्यादा लोग हो चुके है घायल

Edited By Isha, Updated: 08 Apr, 2026 04:06 PM

monkey curfew  in kosli villagers trapped indoors

कोसली क्षेत्र के मल्लूपुरा नंदयान मोहल्ले में बंदरों का आतंक बढ़ गया है। बंदरों के हमलों में अब तक 50 से ज्यादा लोग घायल हो चुके हैं। इससे लोगों की रोजमर्रा की जिंदगी प्रभावित हो रही है। गांव के माता देवी मंदिर

रेवाड़ी/कोसली(महेंद्र भारती): कोसली क्षेत्र के मल्लूपुरा नंदयान मोहल्ले में बंदरों का आतंक बढ़ गया है। बंदरों के हमलों में अब तक 50 से ज्यादा लोग घायल हो चुके हैं। इससे लोगों की रोजमर्रा की जिंदगी प्रभावित हो रही है।

गांव के माता देवी मंदिर में पहले बुजुर्ग महिलाएं रोज भजन-कीर्तन के लिए जाती थीं, लेकिन अब बंदरों के डर से उन्होंने मंदिर जाना छोड़ दिया है। कई महिलाओं को मंदिर जाते समय बंदरों ने काट लिया। ग्रामीणों ने बताया कि करीब 300 से ज्यादा बंदरों का झुंड मोहल्ले और सड़कों पर बैठा रहता है। राहगीरों पर ये अचानक हमला कर देते हैं। कोसली रेलवे स्टेशन पर भी यात्री बंदरों से परेशान हैं। बंदर कई बार यात्रियों का सामान छीन लेते हैं और उन पर हमला कर देते हैं। लोगों का कहना है कि इस बारे में कई बार प्रशासन को शिकायत दी गई, लेकिन अभी तक कोई ठोस समाधान नहीं हुआ। अब ग्रामीण रेवाड़ी में लगने वाले समाधान शिविर में अपनी मांग उठाने की तैयारी कर रहे हैं।

सरपंच बोले, जल्द पकड़े जाएंगे बंदर
कोसली गांव के सरपंच रामकिशन ने कहा कि बंदर पकड़ने वालों से बात हो चुकी है। जल्द ही बंदरों को पकड़कर सुरक्षित स्थान पर छोड़ा जाएगा। उन्होंने लोगों को भरोसा दिलाया कि समस्या का जल्द समाधान किया जाएगा। ग्रामीणों ने प्रशासन से जल्द कार्रवाई की मांग की है, ताकि गांव और राहगीरों की सुरक्षा हो सके।

Related Story

Trending Topics

img title
img title

Be on the top of everything happening around the world.

Try Premium Service.

Subscribe Now!