Edited By Isha, Updated: 11 Mar, 2026 11:55 AM

कोख के सौदागरों के खिलाफ झज्जर जिला समुचित प्राधिकरण ने एक बड़ी कामयाबी हासिल की है। विभाग की टीम ने उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद में छापेमारी कर अवैध भ्रूण लिंग जांच करने वाले एक अंतरराज्यीय गिरोह
झज्जर ( दिनेश मेहरा ) : कोख के सौदागरों के खिलाफ झज्जर जिला समुचित प्राधिकरण ने एक बड़ी कामयाबी हासिल की है। विभाग की टीम ने उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद में छापेमारी कर अवैध भ्रूण लिंग जांच करने वाले एक अंतरराज्यीय गिरोह का पर्दाफाश किया है। इस कार्रवाई के दौरान टीम ने दो आरोपियों को गिरफ्तार कराया है, जबकि गिरोह का मुख्य सरगना मौके से भागने में सफल रहा।
गुप्त सूचना पर बिछाया जाल
जानकारी के अनुसार, झज्जर जिला समुचित प्राधिकरण को पिछले सप्ताह पुख्ता गुप्त सूचना मिली थी कि गाजियाबाद के प्रताप नगर का निवासी अश्वनी अवैध लिंग जांच के धंधे में लिप्त है। आरोपी पैसों के लालच में झज्जर और उसके आसपास के इलाकों से गर्भवती महिलाओं को गाजियाबाद बुलाकर अवैध तरीके से लिंग जांच करवाता था।
घेराबंदी और गिरफ्तारी
सूचना को गंभीरता से लेते हुए प्राधिकरण ने एक विशेष टीम का गठन किया। टीम ने योजनाबद्ध तरीके से गाजियाबाद में दबिश दी। छापेमारी के दौरान टीम ने गिरोह के दो सदस्यों को रंगे हाथों धर दबोचा। हालांकि, मुख्य एजेंट अश्वनी पुलिस और स्वास्थ्य विभाग की टीम को चकमा देकर फरार हो गया। पुलिस ने फरार आरोपी की तलाश में छापेमारी तेज कर दी है।
कठोर कार्रवाई की चेतावनी
स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने बताया कि गिरफ्तार आरोपियों के खिलाफ PCPNDT एक्ट की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है। अधिकारियों ने स्पष्ट संदेश दिया है कि लिंग चयन और कन्या भ्रूण हत्या जैसे अपराधों में शामिल किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा, चाहे वह राज्य की सीमा के भीतर हो या बाहर।
जिला उपायुक्त स्वप्निल रविंद्र पाटील और सिविल सर्जन डॉ.मंजू कादयान ने इस कार्रवाई की सराहना करते हुए कहा कि अवैध लिंग जांच किसी भी हालत में बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने लोगों से अपील की कि इस तरह की गतिविधि की जानकारी तुरंत प्रशासन को दें। सूचना देने वाले को एक लाख रुपये तक का इनाम दिया जाएगा और उसकी पहचान गोपनीय रखी जाएगी।