Edited By Pawan Kumar Sethi, Updated: 07 Jul, 2026 08:56 PM
लंबे इंतजार के बाद मंगलवार को पूरे जिला में झमाझम बारिश हुई। सुबह से उमस से परेशान लोगों को जहां बारिश ने राहत दिलाई, वहीं सड़कों पर हुए जलभराव के कारण कई स्थानों पर ट्रैफिक जाम की स्थिति बनी रही, जिससे लोगों को परेशानी उठानी पड़ी।
गुड़गांव, (ब्यूरो): लंबे इंतजार के बाद मंगलवार को पूरे जिला में झमाझम बारिश हुई। सुबह से उमस से परेशान लोगों को जहां बारिश ने राहत दिलाई, वहीं सड़कों पर हुए जलभराव के कारण कई स्थानों पर ट्रैफिक जाम की स्थिति बनी रही, जिससे लोगों को परेशानी उठानी पड़ी। मंगलवार दोपहर करीब 2 बजे शुरू हुई बारिश के बाद गुड़गांव में ग्रामीण क्षेत्रों से लेकर शहर तक बिजली गुल हो गई, जो शाम 6 बजे तक भी सुचारु नहीं हो सकी। जिले में मंगलवार को 47.6 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई। जबकि तहसील स्तर पर सबसे अधिक कादीपुर व हरसरू क्षेत्र में 82 एमएम बारिश हुई। जबकि सबसे कम बारिश बादशाहपुर में 15 एमएम दर्ज की गई। इसके अलावा सोहना में 20 एमएम बारिश दर्ज की गई। वहीं मानसून की पहली बारिश में ही जीएमडीए व नगर निगम के अधिकारियों के जलभराव नहीं होने देने के दावे पानी में बहते दिखाई दिए।
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सोशल मीडिया पर फिर हुई गुरुग्राम की किरकिरी
जीएमडीए व नगर निगम के अधिकारियों ने मानसून की तैयारियों को लेकर मार्च महीने से ही जुलाई तक 20 से अधिक बार बैठक की। जीएमडीए ने कई नालों का भी निर्माण इस साल पूरा किया है। लेकिन इसके बावजूद भी बारिश के पानी की उचित निकासी नहीं हो सकी। बारिश के पानी की निकासी के लिए गुड़गांव में दो साल में 110 करोड़ रुपए खर्च ड्रेनों के निर्माण पर खर्च किए हैं, लेकिन हालात नहीं बदल रहे हैं। पिछले दस साल से गुड़गांव में जलभराव की समस्या जस की तस बनी हुई है।

पानी निकालते दिखे MCG और GMDA के कर्मचारी
शहर में जलभराव रोकने के लिए करोड़ों रुपए खर्च करने के बाद भी व्यवस्था जस की तस नजर आई। बरसात के बाद हुए जलभराव में नगर निगम और जीएमडीए के कर्मचारी सड़कों से टैंकर की मदद से पानी निकालते नजर आए। अगर दोनों ही विभागों ने जलभराव की समस्या को गंभीरता से लिया होता और ड्रेनेज की सफाई पर ज्यादा ध्यान दिया होता तो आज बरसात के दौरान जलभराव की स्थिति उत्पन्न ही न होती। अपनी साख बचाने के लिए दोनों ही विभागों द्वारा टैंकर के जरिए पानी की निकासी कराकर फोटों खींचते नजर आए।

सिविल लाइन्स में धंसी सड़क, फंसी गाड़ियां
सबसे ज्यादा बुरा हाल पुराने गुड़गांव का रहा। जहां पुराने गुड़गांव की सड़कें जलमग्न रही वहीं, सिविल लाइंस की सड़क धंस गई। यहां पिछले करीब 10 दिन से सीवर लाइन डालने का कार्य किया जा रहा है। यहां बारिश के दौरान मिट्टी धंसने से कई गाड़ियां इसमें फंस गई। हैरत की बात यह है कि जिस स्थान पर गाड़ियां फंसी वहां से चंद कदमों की दूरी पर मंडल आयुक्त का कार्यालय सहित जिला उपायुक्त निवास व कैबिनेट मंत्री राव नरबीर सिंह का निवास है। यहां चार गाड़ियां काफी देर तक कीचड़ में फंसी रही जिन्हें दूसरी गाड़ियों की मदद से कीचड़ से बाहर निकाला गया।

सड़कों पर ढाई फीट तक भरा पानी
इसके अलावा मदर्स किड स्कूल के बाहर ढाई फीट तक पानी भर गया, जिससे कमर तक भरे पानी से स्टूडेंट्स को लेकर परिजन ले जाते नजर आए। इसके अलावा दोपहर बाद हुई इस बारिश से शहर की सड़कों पर भारी जलभराव होने से स्कूल की बसें दो घंटे तक ट्रैफिक जाम व पानी में फंसी रही। ऐसे में स्टूडेंट्स शाम 3 बजे के बाद घरों तक पहुंचे। ओल्ड रेलवे रोड पर भी करीब दो से ढाई फीट तक पानी भरा रहा। धनवापुर रोड, कादीपुर रोड, सेक्टर-9 सहित अन्य स्थानों पर हालात बाढ़ जैसे ही रहे।

बरसात में गाड़ियां हुई बंद, धक्के मारते दिखे लोग
मंगलवार को हुई बारिश के बाद सड़क की खुदाई में मिट्टी धंसने से जहां लग्जरी गाड़ियां फंसी रही। वहीं, कई स्थानों पर बरसात के पानी के कारण लाेगों की गाड़ियां व दोपहिया वाहन फंस गए और उन्हें परेशान होना पड़ा। लोगों ने धक्के मारकर गाड़ियां बाहर निकालना पड़ा। इसके अलावा नरसिंहपुर, खांडसा मंडी, सेक्टर-10, मदनपुरी रोड, अर्जुन नगर, ओल्ड रेलवे रोड, धनवापुर रोड, सेक्टर-9, शीतला माता रोड, मेफील्ड गार्डन सहित अन्य स्थानों पर सड़कों पर भारी जलभराव होने से लोगों को परेशानी उठानी पड़ी। इसी तरह सोहना रोड पर एरिया मॉल के सामने दो फीट तक पानी भरने से करीब पांच किलोमीटर तक ट्रैफिक जाम लगा रहा, जिससे सर्विस रोड पर चलने वाले वाहन चालक घंटे ट्रैफिक जाम में फंसे रहे।

मॉल में बारिश के दौरान गिरी फॉल सिलिंग
मंगलवार को हुई बारिश का असर आइरिया मॉल में देखने को मिला। यहां मॉल की दुकानों में पानी आ गया। इसके साथ ही बारिश के पानी के कारण दुकान में लगी फॉल सिलिंग एक कर्मचारी पर गिर गई। गनीमत यह रही कि इस घटना में कर्मचारी को चोट नहीं लगी। वहीं, इस दौरान वीडियो बना रहे लोगों को मॉल के सुरक्षाकर्मियों ने रोक लिया। कुछ ही देर बाद यह वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने लगी।

बसई रोड पर पानी भरने से घंटों जाम में फंसे रहे वाहन
वहीं शहर के बसई रोड पर भी बारिश के कारण एक से दो फीट तक पानी भर गया। निकासी के उचित व्यवस्था नहीं होने से सीवर के ढक्कन खोलकर पानी को सीवर में डाला गया। वहीं सोहना रोड पर भोंडसी के नजदीक सीवर में बारिश के पानी भरने से सीवर ओवरफ्लो हो गए और सीवर से फव्वारे निकलते देखे गए। गुड़गांव में सबसे अधिक बारिश बेशक कादीपुर व हरसरू क्षेत्र में हुई है, जबकि सबसे कम बादशाहपुर के आसपास हुई, लेकिन बादशाहपुर के एरिया मॉल में भी छत के रास्ते पानी भर गया।

पेड़ टूटे, लगा जाम, ट्रैफिक पुलिस ने संभाला मोर्चा
गुड़गांव में हुई बारिश के कारण पूरे शहर में जाम लग गया। इस दौरान कई स्थानों पर पेड़ भी टूटे जिसके कारण सड़कों पर जाम लग गया। वहीं, इस दौरान ट्रैफिक पुलिसकर्मियों ने मोर्चा संभाला और टूटे हुए पेड़ को सड़क से हटाकर ट्रैफिक व्यवस्था दुरुस्त करने का प्रयास किया। वहीं, बरसात के बाद पूरा गुड़गांव जाम से जूझता रहा। जाम खुलवाने के लिए बारिश के बीच ट्रैफिक पुलिसकर्मी मशक्कत करते नजर आए। वहीं, दिल्ली-जयपुर एक्सप्रेसवे पर सड़क धंसने के कारण स्थिति ने विकराल रूप धारण कर लिया और पुलिस को दिल्ली से जयपुर जाने वाले रास्ते को बंद करना पड़ा। ऐसे में सबसे ज्यादा दबाव एसपीआर रोड पर हो गया और सोहना रोड सहित एसपीआर रोड पर जाम की स्थिति बन गई।