ऑल वैदर स्वीमिंग पूल में पहली बार होगी वाटर पोलो प्रतियोगिता, 8 टीमें दिखाएंगी अपनी प्रतिभा

Edited By Isha, Updated: 16 Oct, 2022 10:13 AM

water polo competition will be held for the first time

अम्बाला छावनी के ऑल वैदर स्वीमिंग पूल में आयोजित स्टेट चैंपियनशिप तैराकी प्रतियोगिता में हरियाणा के 20 जिलों के 750 खिलाड़ी भाग ले रहे हैं। ऑल वैदर स्वीमिंग पूल बनने के बाद अम्बाला में पहली बार वाटर पोलो प्रतियोगिता का आयोजन किया

अम्बाला छावनी : अम्बाला छावनी के ऑल वैदर स्वीमिंग पूल में आयोजित स्टेट चैंपियनशिप तैराकी प्रतियोगिता में हरियाणा के 20 जिलों के 750 खिलाड़ी भाग ले रहे हैं। ऑल वैदर स्वीमिंग पूल बनने के बाद अम्बाला में पहली बार वाटर पोलो प्रतियोगिता का आयोजन किया जा रहा है और यह प्रतियोगिता आज होगी, जिसमें 8 टीमें भाग लेगी।  यह प्रतियोगिता महिला व पुरुष खिलाडिय़ों की अलग-अलग होगी। जिसमें प्रतिभागी बढ़-चढ़कर भाग लेंगे और अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन करेंगे। जिस तरह से खिलाड़ी हैंडबाल में गोल करते हैं, उसी की तरह खिलाड़ी वाटर पोलो में खिलाड़ी पानी के अंदर प्रदर्शन करेंगे नेट में गोल करेंगे। इसी को लेकर सभी तैयारियां पूरी कर ली गई है। इसके अलावा कुछ विजयी खिलाडिय़ों ने अपने अनुभवों को सांझा किया।

मयंक यादव खिलाडिय़ों के लिए बने मिसाल
50 मीटर बैक स्ट्रोक में स्वीमिंग प्रतियोगिता में भाग के लिए फरीदाबाद से आए मयंक यादव खिलाडिय़ों के लिए एक मिसाल बनकर सामने आए हैं। 2 साल पहले घायल हो गए थे और घायल होने के बाद उन्हें बैक बॉन में दिक्कत आ गई थी। इसके बाद कुछ समय के बाद ठीक हो गया और इसके बाद उसे शौल्डर पेन होने लगी। इसके बावजूद भी उसने हार नहीं मानी और वह प्रयास करता रहा।
 मयंक यादव ने बताया कि पिछले 2 साल उसके लिए बहुत ही बुरे दिन थे, क्योंकि जब एक खिलाड़ी को इस तरह की दिक्कत आ जाती है तो उसके सामने बहुत की समस्याएं आ जाती हैं। आज इस मुकाम पर पहुंचने के लिए उसने इसका श्रेय अपने कोच प्रकाश कादियान तथा अपने परिवार को दिया, जिनके प्रयासों से आज फिर से वह प्रतियोगिता में भाग लेने के लिए पहुंचा। 

नैशनल स्तर पर चमकाना चाहता है अपना नाम
1500 मीटर फ्री स्टाइल में गोल्ड मैडल जितने वाली झज्जर की खिलाड़ी स्मृति ने बताया कि उसे स्वीमिंग का शौक था और स्कूल में पढ़ते हुए ही उसने स्वीमिंग ज्वाइन की। इसके बाद उसने प्रैक्टिस शुरु कर दी और मुकाम हासिल करने शुरू कर दिए।  इसके बाद उन्होंने नैशनल गेम्स में भाग लिया, लेकिन कोई पदक नहीं हासिल कर पाई। स्मृति ने बताया कि वह पिछले लगभग 5-6 साल से प्रैक्ट्सि कर रही है और यही कारण है कि उसने यह मुकाम पाया है। 
उन्होंने खिलाडिय़ों को भी नसीहत देते हुए कहा कि खिलाडिय़ों को विजयी होने के लिए हर तरह के प्रयास करने चाहिए। इस खेल में सबसे ज्यादा जरूरत अभ्यास की होती है, जितना ज्यादा अभ्यास होगा उतना ही अच्छा प्रदर्शन कर सकेंगे। इसके अलावा अब वह नैशनल में अपना परचम लहराना चाहती है। 

अब तक कई गोल्ड मैडल किए हासिल 
1500 मीटर फ्री स्टाइल प्रतियोगिता में गोल्ड मैडल जितने वाले पलवल के खिलाड़ी स्मृद्ध का कहना है कि उसने कुछ समय पूर्व अम्बाला में हुई खेलो इंडिया के मुकाबले में भाग लिया था और उसने स्वीमिंग की शुरुआत स्कूल से की थी और इसके बाद उसने अब तक कई गोल्ड मैडल हासिल किए।  इसके बाद अब वह नैशनल में भाग लेने की तैयारी कर रहा है। उन्होंने कहा कि वह 7-8 साल से अभ्यास कर रहा है। यही कारण है कि अब तक उसने कई मैडल हासिल कर लिए हैं।
 

Related Story

Trending Topics

Afghanistan

134/10

20.0

India

181/8

20.0

India win by 47 runs

RR 6.70
img title
img title

Be on the top of everything happening around the world.

Try Premium Service.

Subscribe Now!