अब नहीं लगाने पड़ेंगे सरकारी दफ्तरों के चक्कर, हरियाणा में आ रहा Paperless Registration 2.0...बदलेगी तस्वीर

Edited By Krishan Rana, Updated: 14 Jun, 2026 08:39 PM

no more running around government offices paperless registration 2 0 is coming

हरियाणा सरकार ने राजस्व क्षेत्र में डिजिटल परिवर्तन को तेज करते हुए राज्यभर में राजस्व अधिकारियों के लिए

चंडीगढ़ (चन्द्र शेखर धरणी):  हरियाणा सरकार ने राजस्व क्षेत्र में डिजिटल परिवर्तन को तेज करते हुए राज्यभर में राजस्व अधिकारियों के लिए व्यापक क्षमता निर्माण कार्यक्रम शुरू किया है तथा लंबित सीमांकन मामलों के निपटान के लिए विशेष अभियान चलाया है।

साथ ही पेपरलेस रजिस्ट्रेशन 2.0 के क्रियान्वयन की तैयारियां अंतिम चरण में हैं। सुचारू परिवर्तन सुनिश्चित करने के लिए पेपरलेस रजिस्ट्रेशन 1.0 से 2.0 में माइग्रेशन जिला-वार किया जाएगा, ताकि सेवाएं निर्बाध रूप से जारी रहें और नागरिकों को न्यूनतम असुविधा हो।

राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग की वित्तायुक्त डॉ. सुमिता मिश्रा ने रविवार को चंडीगढ़ में बताया कि पेपरलेस रजिस्ट्रेशन 2.0 को एक उन्नत डिजिटल ढांचे के रूप में विकसित किया गया है। यह प्लेटफॉर्म ऑनलाइन आवेदन जमा करने, दस्तावेज अपलोड करने, आधार आधारित प्रमाणीकरण, ई-हस्ताक्षर, ऑनलाइन शुल्क भुगतान, रियल टाइम सत्यापन, सुरक्षित डेटा भंडारण तथा स्वचालित कार्यप्रवाह प्रबंधन जैसी सुविधाएं प्रदान करेगा।

उन्होंने कहा कि यह प्रणाली नागरिकों की सरकारी कार्यालयों में बार-बार जाने की आवश्यकता को काफी हद तक कम करेगी, मैनुअल हस्तक्षेप को न्यूनतम करेगी, पारदर्शिता और जवाबदेही बढ़ाएगी तथा सेवाओं की त्वरित डिलीवरी सुनिश्चित करेगी। उन्होंने बताया कि इस नई प्रणाली के सुचारू क्रियान्वयन के लिए विभाग द्वारा सभी परिचालन मॉड्यूलों से संबंधित विस्तृत मानक संचालन प्रक्रियाएं (एसओपी) तथा उपयोगकर्ता पुस्तिकाएं तैयार की गई हैं।

इसके अतिरिक्त, प्रत्येक जिले में मास्टर ट्रेनर्स की पहचान कर उन्हें प्रशिक्षित किया गया है, जो अधिकारियों और कर्मचारियों को नई डिजिटल प्रक्रियाओं को अपनाने में सहयोग प्रदान करेंगे। वरिष्ठ अधिकारियों ने बताया कि यह प्रशिक्षण कार्यक्रम एक सप्ताह के भीतर पूरा होने की संभावना है, जिससे पेपरलेस रजिस्ट्रेशन 2.0 तथा अन्य डिजिटल राजस्व सुधारों के सफल क्रियान्वयन के लिए जमीनी स्तर पर मजबूत आधार तैयार होगा।

इस बीच, विभाग ने लंबित सीमांकन मामलों के निपटान के लिए सभी जिलों में 10 दिवसीय विशेष अभियान शुरू किया है। इस अभियान का उद्देश्य नागरिकों को समयबद्ध सेवाएं उपलब्ध कराना, सेवा वितरण मानकों में सुधार करना तथा भूमि संबंधी विवादों और आवेदनों के लंबित मामलों को कम करना है। अभियान के तहत जिला प्रशासनों को लंबित मामलों के निस्तारण में तेजी लाने तथा प्रगति की नियमित निगरानी करने के निर्देश दिए गए हैं।   

 

Related Story

Trending Topics

img title
img title

Be on the top of everything happening around the world.

Try Premium Service.

Subscribe Now!