Haryana : हिट एंड रन मुआवजा मामलों पर हाई कोर्ट सख्त, पंजाब-हरियाणा से मांगा पूरा ब्योरा

Edited By Krishan Rana, Updated: 12 Oct, 2026 05:07 PM

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चंडीगढ़ हिट एंड रन सड़क हादसों के पीड़ितों और उनके परिवारों को मुआवजा देने की व्यवस्था को लेकर पंजाब एवं हरियाणा हाई कोर्ट ने

चंडीगढ़ (चन्द्र शेखर धरणी): चंडीगढ़ हिट एंड रन सड़क हादसों के पीड़ितों और उनके परिवारों को मुआवजा देने की व्यवस्था को लेकर पंजाब एवं हरियाणा हाई कोर्ट ने पंजाब, हरियाणा और चंडीगढ़ प्रशासन से विस्तृत जानकारी तलब की है। 

हाई कोर्ट ने तीनों पक्षों को निर्देश दिया है कि वर्ष 2022 की मुआवजा योजना लागू होने के बाद 30 सितंबर 2026 तक दर्ज हिट एंड रन मामलों का पूरा ब्योरा अदालत में पेश किया जाए। इसमें कुल दर्ज मामलों के साथ-साथ निपटाए गए दावों, लंबित मामलों और जिन मामलों में मुआवजा स्वीकृत हुआ है, उनमें राशि के भुगतान की स्थिति भी स्पष्ट करनी होगी। मामले की अगली सुनवाई 28 अक्टूबर को होगी।

हाई कोर्ट में सुनवाई के दौरान चंडीगढ़ प्रशासन की ओर से अतिरिक्त शपथपत्र पेश किया गया। यह शपथपत्र चंडीगढ़ में यातायात एवं सड़क सुरक्षा से जुड़े पुलिस अधिकारी लक्षय पांडे की ओर से दाखिल किया गया था। अदालत ने इसे रिकार्ड पर लेते हुए पंजाब, हरियाणा और चंडीगढ़ के वकीलों को संबंधित आंकड़े पेश करने के निर्देश दिए।

अदालत ने स्पष्ट किया कि केवल दर्ज मामलों की संख्या देना पर्याप्त नहीं होगा, बल्कि यह भी बताना होगा कि कितने मामलों का निपटारा हो चुका है, कितने अभी लंबित हैं और निपटाए गए मामलों में पीड़ितों को मुआवजा देने की प्रक्रिया कहां तक पहुंची है।


पति की मौत से जुड़े दावे पर भी मांगा जवाब

सुनवाई के दौरान हरियाणा सरकार की ओर से वर्तमान अपीलकर्ता के दावे के संबंध में शपथपत्र दाखिल करने के लिए अतिरिक्त समय मांगा गया। यह दावा अपीलकर्ता के पति रघबीर उर्फ सुनील की सड़क दुर्घटना में मौत से जुड़ा है। रघबीर उर्फ सुनील की 19 नवंबर 2017 को मोटर वाहन दुर्घटना में मौत हुई थी। 

इस संबंध में सोनीपत जिले के कुंडली थाने में पांच अप्रैल 2018 को प्राथमिकी दर्ज की गई थी। इसमें भारतीय दंड संहिता की धारा 279 और 304-ए के तहत मामला दर्ज किया गया था। हरियाणा सरकार को इस दावे के संबंध में आवश्यक शपथपत्र अगली सुनवाई से पहले अदालत में दाखिल करना होगा। हाई कोर्ट ने निर्देश दिया कि सभी जरूरी जानकारियां अगली तारीख से पहले रिकार्ड पर रखी जाएं।

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