Edited By Pawan Kumar Sethi, Updated: 08 Jun, 2026 07:43 PM

गुरुग्राम महानगर विकास प्राधिकरण (जीएमडीए) ने बसई जल शोधन संयंत्र (डब्ल्यूटीपी) के प्रस्तावित विस्तार कार्यों को आगे बढ़ाते हुए संयंत्र परिसर में लगभग 250 वर्ग गज भूमि को बाधा मुक्त कराया है।
गुड़गांव, (ब्यूरो): गुरुग्राम महानगर विकास प्राधिकरण (जीएमडीए) ने बसई जल शोधन संयंत्र (डब्ल्यूटीपी) के प्रस्तावित विस्तार कार्यों को आगे बढ़ाते हुए संयंत्र परिसर में लगभग 250 वर्ग गज भूमि को बाधा मुक्त कराया है। जिला नगर योजनाकार (डीटीपी), जीएमडीए आर एस बाठ के नेतृत्व में प्रवर्तन विभाग द्वारा यह कार्रवाई की गई। इस भूमि पर प्रस्तावित 100 एमएलडी क्षमता की यूनिट-IV विकसित की जानी है, जिससे शहर की जल शोधन क्षमता में वृद्धि होगी।
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यह कार्रवाई 76 एकड़ में फैले बसई डब्ल्यूटीपी परिसर में की गई, जहां एक पुराने गैस गोदाम और एक कार्यालय-सह-शौचालय ब्लॉक सहित दो खाली एवं निष्प्रयोज्य संरचनाओं को हटाया गया। संबंधित भूमि का अधिग्रहण पहले ही जीएमडीए द्वारा किया जा चुका था तथा परिसर को पूर्व में खाली कराया जा चुका था। प्रस्तावित विस्तार कार्यों के लिए स्थल उपलब्ध कराने हेतु इन संरचनाओं को हटाना आवश्यक था। अभियान के दौरान दोनों संरचनाओं को ध्वस्त कर भूमि को पूरी तरह बाधा मुक्त कर दिया गया। इस कार्रवाई में जीएमडीए के इंफ्रास्ट्रक्चर-II प्रभाग एवं प्रवर्तन विभाग के अधिकारियों ने संयुक्त रूप से भाग लिया।
वर्तमान में बसई जल शोधन संयंत्र से प्रतिदिन 270 एमएलडी जल का शोधन कर शहर को आपूर्ति की जा रही है। बढ़ती आबादी और भविष्य की आवश्यकताओं को देखते हुए जीएमडीए द्वारा यहां 100 एमएलडी क्षमता की नई यूनिट-IV स्थापित की जानी है। इस परियोजना के लिए निविदा पहले ही आमंत्रित की जा चुकी है। परियोजना के पूर्ण होने के बाद गुरुग्राम की पेयजल आपूर्ति व्यवस्था को और अधिक मजबूती मिलेगी।