Edited By Isha, Updated: 05 May, 2026 08:57 AM

पंचकूला में हरियाणा के पूर्व मुख्यमंत्री स्वर्गीय चौ भजनलाल पर टिप्पणी विवाद कोर्ट पहुंचा, विधायक चौ चंद्रमोहन ने सांसद रेखा शर्मा के खिलाफ किया मानहानि का दावा, आपराधिक शिकायत भी करवाई दर्ज।
पंचकूला(उमंग): पंचकूला में 24 अप्रैल को हरियाणा के पूर्व मुख्यमंत्री स्वर्गीय चौ भजनलाल पर की गई कथित अमर्यादित टिप्पणी का मामला अब न्यायालय पहुंच गया है। उनके पुत्र और पंचकूला से विधायक चौ चंद्रमोहन ने भाजपा सांसद रेखा शर्मा के खिलाफ पंचकूला कोर्ट में मानहानि का दावा और आपराधिक शिकायत दायर की है।चौ चंद्रमोहन ने बताया कि उन्होंने पहले सांसद रेखा शर्मा को लीगल नोटिस भेजकर 7 दिनों के भीतर माफी मांगने को कहा था, लेकिन माफी न मिलने पर उन्हें अदालत का दरवाजा खटखटाना पड़ा।
पंचकूला विधायक चौ चंद्रमोहन के वकील दीपांशु बंसल ने अधिक जानकारी देते हुए बताया कि आपराधिक शिकायत में अदालत ने प्री-कॉग्निजेंस नोटिस जारी किया है और अगली सुनवाई 20 मई को होगी।वहीं सिविल मानहानि केस में अदालत ने सांसद रेखा शर्मा को 7 मई के लिए नोटिस जारी किया है।काबिले जिक्र है कि आज की कार्रवाई के दौरान चौ चंद्रमोहन समेत चार अन्य गवाहों ने कोर्ट में अपने बयान दर्ज करवाए हैं।
क्या है पूरा विवाद...
मामला नगर निकाय चुनाव के दौरान 14 अप्रैल को एक जनसभा को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी की मौजूदगी में दिए गए एक बयान से जुड़ा है, जिसमें आरोप है कि रेखा शर्मा ने चुनावी सभा में पूर्व मुख्यमंत्री स्वर्गीय चौ भजनलाल और पंचकूला के मौजूदा विधायक चौ चंद्रमोहन पर आपत्तिजनक टिप्पणी करते हुए उन्हें “बदमाश” बताया और बदमाशी से चुनाव जीतने का आरोप लगाया था।आपको बता दें कि कल ही इस पर प्रतिक्रिया देते हुए भाजपा नेता कुलदीप बिश्नोई ने भी एक वीडियो जारी किया था, जिसमें कुलदीप बिश्नोई ने भाजपा प्रदेश अध्यक्ष मोहनलाल बडोली और सांसद देखकर शर्मा को तीखी चेतावनी दी थी।
जिस पर चंद्रमोहन ने कहा कि “कोई भी बेटा अपने पिता के खिलाफ इस तरह की टिप्पणी बर्दाश्त नहीं करेगा।”चौ चंद्रमोहन ने कहा...“राजनीति में आरोप-प्रत्यारोप चलते रहते हैं, लेकिन झूठे और अभद्र आरोप लोकतंत्र के खिलाफ हैं। मेरे पिता स्वर्गीय चौ भजनलाल तीन बार मुख्यमंत्री रहे और हरियाणा के विकास में उनका बड़ा योगदान है। उनके खिलाफ इस तरह की टिप्पणी न केवल अनुचित बल्कि अस्वीकार्य है।”उन्होंने आगे कहा कि अगर उन्होंने “बदमाशी” से चुनाव जीता होता तो जनता उन्हें बार-बार क्यों चुनती।
उन्होंने अपने चुनावी इतिहास का जिक्र करते हुए कहा कि उनके खिलाफ कभी कोई शिकायत या कार्रवाई नहीं हुई, जो उनके खिलाफ लगाए गए आरोपों को गलत साबित करता है।इस बयान के बाद हरियाणा, पंजाब, राजस्थान और दिल्ली के कई हिस्सों में विरोध देखने को मिला है। विभिन्न स्थानों पर लोगों ने शिकायत दर्ज कराकर नाराजगी जाहिर की है। यह मामला अब पूरी तरह से न्यायालय के विचाराधीन है, और आने वाली सुनवाई में इस पर आगे की कानूनी प्रक्रिया तय होगी। ,