Edited By Isha, Updated: 23 May, 2026 09:13 PM

हरियाणा कांग्रेस में एक बार फिर खुलकर गुटबाजी नजर आई है पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र हुड्डा के गढ़ रोहतक में प्रदेश के 90 हलको से होकर गुजरी 2800 किलोमीटर 230 दिन में पूरी होने वाली बृजेन्द्र सिंह सद्भाव यात्रा
रोहतक(दीपक): हरियाणा कांग्रेस में एक बार फिर खुलकर गुटबाजी नजर आई है पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र हुड्डा के गढ़ रोहतक में प्रदेश के 90 हलको से होकर गुजरी 2800 किलोमीटर 230 दिन में पूरी होने वाली बृजेन्द्र सिंह सद्भाव यात्रा में कांग्रेस की गुटबाजी साफ साफ नजर आई,जहा भूपेंदर हुड्डा गुट के नेताओ ने यात्रा से दूरी बनाए वही बृजेन्द्र सिंह के मंच पर हुड्डा विरोधी खेमा हावी रहा। वहीं कांग्रेस नेता बृजेंद्र सिंह ने माना कि नेताओं की आपसी फूट से कांग्रेस को नुकसान हो रहा है सभी नेताओं को पत्र लेख निमंत्रण दिया था और जी यात्रा में राहुल गांधी शामिल हुए इसका विरोध क्यों ।
12800 किलोमीटर की 7 महीने में 90 हलकों में की गई सद्भाव यात्रा के दौरान भूपेंद्र हुड्डा गुट का नदारद रहना कांग्रेस की एकता पर बड़ा सवाल उठाती है। सद्भाव यात्रा करने वाले कांग्रेस के नेता बृजेंद्र सिंह ने माना कि कांग्रेस में फूट है इस यात्रा से कुछ लोगों को दर्द था उन्होंने कहा कि जब बंद मुट्ठी खुलता है तो दर्द होता है। एक सवाल के जवाब में उन्होंने भूपेंद्र हुड्डा और दीपेंद्र हुड्डा पर अप्रत्यक्ष रूप से निशाना साधते हुए कहा कि वह ना तो एमएलए है ना एमपी हैं जो लोग कई कई बार एमपी एमएलए बन चुके मंत्री रह चुके वह उनकी यात्रा में क्यों आएंगे।
बृजेंद्र सिंह ने खुलकर कहा कि यह यात्रा उनकी निजी यात्रा नहीं थी बल्कि कांग्रेस के राष्ट्रीय नेता राहुल गांधी की इजाजत पर शुरू की गई थी जो हर रोज उनकी यात्रा की रिपोर्ट लेते रहते थे गुरुग्राम में राहुल गांधी ने यात्रा का मंच साझा किया तो उनका हौसला बढ़ा और राहुल गांधी के आने के बाद यह सवाल पूछना वाजिब नहीं है कि यह कांग्रेस की यात्रा है या नहीं।
पत्रकारों ने जब उनसे पूछा कि रोहतक में कांग्रेस के चार विधायक हैं और भूपेंद्र हुड्डा का यह गृह जिला है फिर भी वह यात्रा में शामिल नहीं हुए तो उन्होंने कहा कि यह बात उनसे ही पूछो उन्होंने तो पत्र लिखकर उन्हें निमंत्रण भेजा था अब वह क्यों नहीं आए यह सवाल उनसे ही किया जाना चाहिए। उन्होंने माना कि कांग्रेस में गुटबाजी है उन्होंने इशारों इशारों में कह दिया कि कांग्रेस में गुटबाजी का सबसे बड़ा कारण भारतीय जनता पार्टी का डर हो सकता है।
बृजेंद्र सिंह ने कहा की यात्रा से अगर प्रदेश में उनकी पहचान बनी है तो इसमें कोई गलत बात नहीं लेकिन यात्रा का मकसद प्रदेश में सद्भाव पैदा करना था क्योंकि प्रदेश में उदासी का माहौल था उन्होंने कॉकरोच पार्टी पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि इससे प्रतीत होता है कि पूरे देश में युवा में गुस्सा है और वह गुस्सा कभी भी फूट सकता है । रोहतक में लगभग 5 किलोमीटर पदयात्रा के बाद एक जनसभा के आयोजन के बाद बृजेंद्र सिंह की सद्भाव यात्रा का समापन हो गया।