Edited By Harman, Updated: 12 Jun, 2026 04:52 PM

हिसार पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। गैंगस्टर काला खैरमपुरिया के साथ दिनेश खैरमपुरिया को साइप्रस से डिपोर्ट कर भारत लाया गया है। इस संबंध में आज हिसार में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान एसपी सिद्धांत जैन ने जानकारी दी। करीब दो साल पहले हुई इस...
हिसार ( विनोद सैनी) : हिसार पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। गैंगस्टर काला खैरमपुरिया के साथ दिनेश खैरमपुरिया को साइप्रस से डिपोर्ट कर भारत लाया गया है। इस संबंध में आज हिसार में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान एसपी सिद्धांत जैन ने जानकारी दी।
एसपी के अनुसार, दिनेश खैरमपुरिया आदमपुर के गांव खैरमपुर का निवासी है। वह वर्ष 2020 में स्टडी वीजा पर साइप्रस गया था, लेकिन वहां बैठकर भारत में आपराधिक गतिविधियों को संचालित कर रहा था। आरोपी का मुख्य काम लोगों को डराकर और धमकाकर फिरौती वसूलना था। विदेश में रहते हुए वह पूरे गैंग को हैंडल कर रहा था और लंबे समय से पुलिस की रडार पर था।
दिनेश खैरमपुरिया का नाम उस समय सामने आया था जब करीब दो वर्ष पहले हिसार की नई ऑटो मार्केट स्थित इनेलो नेता रामभगत गुप्ता के महिंद्रा शोरूम पर ताबड़तोड़ फायरिंग की गई थी। इस मामले में पुलिस पहले ही गैंगस्टर काला खैरमपुरिया को गिरफ्तार कर चुकी है, जबकि तीन आरोपी विकास, सन्नी खरड़ और आशीष पुलिस एनकाउंटर में मारे जा चुके हैं।
करीब दो साल पहले हुई इस सनसनीखेज वारदात में बदमाशों ने महिंद्रा शोरूम पर लगभग 30 राउंड फायरिंग की थी। गोलियों की आवाज से पूरे इलाके में दहशत फैल गई थी। फायरिंग में शोरूम के शीशे टूट गए थे और बाहर खड़ी एक गाड़ी भी गोलियों का निशाना बनी थी। जानकारी के अनुसार फायरिंग से पहले दो बदमाश शोरूम के अंदर गए और काउंटर पर एक धमकी भरी पर्ची फेंकी। इसके बाद बाहर निकलकर अंधाधुंध गोलियां बरसाईं और बाइक पर सवार होकर फरार हो गए।
पर्ची में 5 करोड़ रुपये की फिरौती की मांग की गई थी। साथ ही काला खैरमपुरिया, लालू खारिया, सन्नी खरड़िया, साजिद खान, सुरेश ढढूंरिया, भाऊ गैंग, नीरज बवाना गैंग और नीरज फरीदपुरिया के नाम लिखे गए थे। फायरिंग के दौरान इलाके में मौजूद लोगों ने गाड़ियों के पीछे छिपकर अपनी जान बचाई थी। बदमाशों के फरार होने के बाद पुलिस को सूचना दी गई, जिसके बाद तत्काल पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंचे और जांच शुरू की गई थी।