Edited By Isha, Updated: 03 Jun, 2026 10:01 AM

हिमाचल और उत्तराखंड के कॉर्बेट नेशनल पार्क से सटे यमुनानगर जिले के कलेसर नेशनल पार्क में बीती रात डीएफओ संदीप सैनी को तेंदुआ दिखाई दिया। उन्होंने इसे स्वस्थ जंगल का संकेत बताया। उन्होंने बताया कि इस
यमुनानगर(सुरेंद्र मेहता): हिमाचल और उत्तराखंड के कॉर्बेट नेशनल पार्क से सटे यमुनानगर जिले के कलेसर नेशनल पार्क में बीती रात डीएफओ संदीप सैनी को तेंदुआ दिखाई दिया। उन्होंने इसे स्वस्थ जंगल का संकेत बताया। उन्होंने बताया कि इस जंगल में एक टाइगर, 40 तेंदुए, सांभर ,हाथी मौजूद है। उन्होंने बताया कि क्योंकि यहां जंगल के बीच में से रास्ता निकलता है, इसलिए जब भी सड़क क्रॉस करें अगर कोई जंगली जानवर सड़क पर आ जाता है तो होरन ना बजाए ,शोर मत करें, जंगली जानवर अपने आप निकल जाता है। जंगली जानवर अटैक तभी करता है जब उसे किसी से खतरा महसूस होता है।

कलेश्वर नेशनल पार्क के बीचो-बीच यमुनानगर की यमुनानगर पोंटा सड़क निकलती है। इसी सड़क पर अक्सर हाथियों और जंगली जानवरों का आना-जाना रहता है। डीएफओ ने लोगों से अनुरोध किया कि जब तक जंगली जानवर इस सड़क से जंगल में न जाए वाहन को जानवर के पास ना ले जाए।
उल्लेखनीय है कि करीब 110 साल बाद नेशनल पार्क में हाथी, चीता, बाघ, सांभर, खरगोश, अजगर, कोबरा जैसे जीव जंतु भी देख सकते हैं। क्योंकि इस जंगल में एक टाइगर, 40 तेंदुए और 15 हाथी मौजूद हैं। पार्क के अंदर पानी के कई जगह अलग-अलग ओध भी बनाए गए हैं।यमुनानगर के उत्तरी छोर पर स्थित कलेसर नेशनल पार्क में सन 1913 के बाद सन 2023 में बंगाल टाइगर दिखाई दिया था. जो जंगल में लगे फ्लैश एंड क्लिक कैमरे में कैद हुआ था ।