Edited By Isha, Updated: 17 Jul, 2026 08:19 AM

भारतीय रेलवे के इतिहास में आज एक स्वर्णिम अध्याय जुड़ने जा रहा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज हरियाणा के जींद से देश की पहली पर्यावरण-अनुकूल 'हाइड्रोजन ट्रेन' (Hydrogen Train) को ह
जींद: भारतीय रेलवे के इतिहास में आज एक स्वर्णिम अध्याय जुड़ने जा रहा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज हरियाणा के जींद से देश की पहली पर्यावरण-अनुकूल 'हाइड्रोजन ट्रेन' (Hydrogen Train) को हरी झंडी दिखाकर रवाना करेंगे। इस ऐतिहासिक शुरुआत के साथ ही भारत विश्व के उन चुनिंदा देशों की लीग में शामिल हो जाएगा जिनके पास यह अत्याधुनिक तकनीक है।
जर्मनी, चीन के बाद अब भारत का डंका
भारत दुनिया का पांचवां ऐसा देश बनने जा रहा है, जिसने अपनी पटरियों पर हाइड्रोजन ईंधन से चलने वाली ट्रेन उतार दी है। इससे पहले जर्मनी, चीन, जापान और अमेरिका जैसे गिने-चुने देशों ने ही इस तकनीक का सफल इस्तेमाल किया है। यह पूरी तरह से 'मेक इन इंडिया' के तहत स्वदेशी तकनीक से तैयार की गई ट्रेन है।
रूट और टाइमिंग
जींद से सोनीपत का सफरयह देश की पहली हाइड्रोजन ट्रेन हरियाणा के जींद और सोनीपत के बीच 89 किलोमीटर लंबे रूट पर चलाई जाएगी। यह ट्रेन जींद से सोनीपत के बीच कुल 12 स्टेशनों (जैसे गोहाना, बुताना, मोहाना आदि) पर रुकेगी। यह ट्रेन 89 किलोमीटर का सफर करीब 2 घंटे में तय करेगी। सामान्य ट्रैक पर इसकी अधिकतम परिचालन गति 75 किमी/घंटा होगी, हालांकि इसे 110 किमी/घंटा की टॉप स्पीड के लिए डिजाइन किया गया है।
इस ट्रेन के चलने से वायु प्रदूषण बिल्कुल नहीं होता। यह पर्यावरण में केवल पानी की भाप (Water Vapour) और गर्मी छोड़ती है।इस प्रोजेक्ट के लिए देश का सबसे बड़ा हाइड्रोजन स्टोरेज और रिफ्यूलिंग स्टेशन भी जींद में ही स्थापित किया गया है।