कालका SDM कार्यालय में फर्जी रोड सेफ्टी और फर्स्ट एड सर्टिफिकेट की गड़बड़ी आई सामने, FIR के आदेश

Edited By Harman, Updated: 04 Jul, 2026 04:56 PM

fake road safety and first aid certificates seized from kalka sdm office

हरियाणा रेडक्रॉस सोसायटी ने ड्राइविंग लाइसेंस बनवाने के लिए लगाए गए फर्जी बेसिक रोड सेफ्टी और फर्स्ट एड सर्टिफिकेट पकड़े हैं।

चंडीगढ़  ( चन्द्र शेखर धरणी ) : हरियाणा रेडक्रॉस सोसायटी ने ड्राइविंग लाइसेंस बनवाने के लिए लगाए गए फर्जी बेसिक रोड सेफ्टी और फर्स्ट एड सर्टिफिकेट पकड़े हैं। चंडीगढ़ मुख्यालय की ओर से सभी जिला सचिवों को फर्स्ट एड सर्टिफिकेट की जांच के निर्देश दिए हैं। दरअसल, फर्जीवाड़े का खुलासा तब हुआ जब जिला रेडक्रास सोसायटी की टीम ने निरीक्षण के दौरान कालका एसडीएम कार्यालय में ड्राइविंग लाइसेंस बनवाने के लिए लगाए गए सर्टिफिकेट की जांच की। जांच के दौरान पाया कि फर्स्ट सर्टिफिकेट जिला रेडक्रॉस सोसायटी की अधिकृत प्रक्रिया के तहत जारी नहीं किए गए हैं और विभागीय रिकार्ड से इनका कोई मेल नहीं मिला। 

जिला रेडक्रॉस सोसायटी, पंचकूला के जिला प्रशिक्षण अधिकारी (डीटीओ) ईशांक कौशिक ने निरीक्षण रिपोर्ट तैयार कर जिला सचिव को प्रस्तुत की, इसके बाद जिला सचिव द्वारा मुख्यालय को जब यह रिपोर्ट भेजी गई तो हरियाणा रेडक्रॉस सोसायटी के वाइस चेयरमैन अंकुश मिगलानी ने तुरंत संज्ञान लेते हुए सभी जिला सचिवों को सर्टिफिकेट की जांच करने के निर्देश दिए। 

जानें क्या है यह मामला 

जिला रेडक्रॉस सोसायटी, पंचकूला की टीम जिला प्रशिक्षण अधिकारी ईशांक कौशिक के नेतृत्व में 23 जून 2026 को काला एसडीएम कार्यालय में ड्राइविंग लाइसेंस आवेदकों द्वारा जमा कराए गए रोड सेफ्टी एवं फर्स्ट एड प्रमाण पत्रों के सत्यापन के लिए पहुंची। टीम में तकनीकी समन्वयक परवीन कुमार तथा मल्टी टास्किंग स्टाफ सुशील कुमार भी मौजूद रहे। टीम द्वारा ड्राइविंग लाइसेंस आवेदनों से संबंधित फाइलों और उनके साथ संलग्न प्रमाणपत्रों का विभागीय रिकॉर्ड से मिलान किया गया। जांच में चार आवेदकों ललित, संभावी सिंगला, दीपक कुमार और गौरव शर्मा  के प्रमाणपत्र फर्जी पाए गए।निरीक्षण रिपोर्ट में उल्लेख किया गया कि ये प्रमाणपत्र ड्राइविंग लाइसेंस से संबंधित कार्यों में सक्रिय फर्जी दलाल या एजेंटों के माध्यम से तैयार कराए गए और आवेदन के साथ जमा किए गए। रिपोर्ट में यह भी उल्लेख किया गया है कि ऐसे प्रमाणपत्र जिला रेडक्रॉस सोसायटी के आधिकारिक रिकॉर्ड में उपलब्ध नहीं हैं।

जिला सचिवों से मांगी गई रिपोर्ट, पंचकूला सचिव को एफआईआर दर्ज कराने के निर्देश
 
हरियाणा रेडक्रॉस सोसायटी के वाइस चेयरमैन अंकुश मिगलानी ने बताया कि सभी जिला सचिवों को निर्देश दिए गए हैं कि ड्राइविंग लाइसेंस आवेदनों के साथ संलग्न बेसिक रोड सेफ्टी और फर्स्ट एड सर्टिफिकेट की जांच की गई। जांच के दौरान यदि कोई सर्टिफिकेट फर्जी पाया जाता है तो उसकी तुरंत एफआईआर दर्ज कराई जाए। फर्जी दस्तावेज तैयार करने वाली कंपनी या संबंधित फर्म के खिलाफ भी एफआईआर  कराने के साथ उसकी पूरी रिपोर्ट तैयार मुख्यालय भेजी जाए। साथ ही फर्जी दस्तावेज तैयार करने और उनका उपयोग करने वाले जिम्मेदार व्यक्तियों की पहचान कर उनके खिलाफ आवश्यक कार्रवाई करने की सिफारिश की गई है। उन्होंने स्पष्ट किया कि ड्राइविंग लाइसेंस जारी करने की प्रक्रिया में अनियमितताओं और बिचौलियों की भूमिका किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
 

Related Story

Trending Topics

img title
img title

Be on the top of everything happening around the world.

Try Premium Service.

Subscribe Now!