हरियाणा कैबिनेट बैठक में CM का बड़ा फैसला, संविधान दिवस पर बुलाया जाएगा एक दिन का विशेष सत्र, ट्रैवल एजेंट को पंजीकरण कराना जरुरी

Edited By Krishan Rana, Updated: 03 Nov, 2026 02:42 PM

haryana cm takes a major decision in the cabinet meeting calling a one day spec

हरियाणा सरकार की महत्वपूर्ण कैबिनेट बैठक आज 3 नवंबर को हो रही है। यह बैठक हरियाणा सिविल सचिवालय

चंडीगढ़ (चन्द्र शेखर धरणी) : हरियाणा सरकार की महत्वपूर्ण कैबिनेट बैठक आज 3 नवंबर को हो रही है। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी की अध्यक्षता में हुई मंत्रिमंडल की बैठक में बड़ा फैसला लिया गया है। सीएम सैनी ने कहा कि 26 नवंबर को संविधान दिवस पर विधानसभा का एक दिवसीय स्पेशल सेशन बुलाया जाएगा। 

बैठक के बाद मुख्यमंत्री ने पत्रकार वार्ता को संबोधित किया। इस बैठक में कुल 7 एजेंडे रखे गए और उन सबको मंजूरी दी गई। मंत्रिमंडल ने हरियाणा ट्रैवल एजेंट पंजीकरण एवं विनियमन नियम, 2026 को मंजूरी प्रदान की। इन नियमों का मुख्य उद्देश्य प्रदेश के युवाओं को धोखाधड़ी करने वाले ट्रैवल एजेंटों, अवैध विदेश भर्ती, मानव तस्करी और 'डंकी रूट' जैसी अवैध गतिविधियों से बचाना है।
 
सीएम ने कहा कि अब प्रदेश में ट्रैवल एजेंट का व्यवसाय करने वाले सभी नए एवं पहले से कार्यरत एजेंटों के लिए पंजीकरण अनिवार्य होगा।प्रत्येक नए कार्यालय अथवा शाखा के लिए अलग पंजीकरण कराना होगा। पासपोर्ट सेवाएं, टूर एवं ट्रैवल एजेंसी सेवाएं, स्टडी वीजा कंसल्टेंसी और टिकटिंग सेवाएं शामिल हैं। 

पुलिस सत्यापन रिपोर्ट प्राप्त होने के बाद सक्षम प्राधिकारी द्वारा 30 दिनों के भीतर पंजीकरण प्रमाणपत्र जारी किया जाएगा।  यह प्रमाणपत्र तीन वर्ष तक वैध रहेगा।  पंजीकृत ट्रैवल एजेंटों की जिला-वार सूची और उनके पंजीकरण प्रमाणपत्र अंत्योदय सरल पोर्टल तथा गृह विभाग एवं पुलिस विभाग की आधिकारिक वेबसाइट पर उपलब्ध करवाए जाएंगे।

 वहीं मंत्रिमंडल ने हरियाणा एजुकेशनल कॉलेज कैडर (ग्रुप-सी) सेवा नियम, 1986 में संशोधन को मंजूरी दी है। अब जूनियर लेक्चर असिस्टेंट के पद पर सीधी भर्ती एवं पदोन्नति के लिए अभ्यर्थी का भौतिक, रसायन, गणित या जीव विज्ञान विषयों के साथ 10+2 उत्तीर्ण होना अनिवार्य होगा। सीधी भर्ती के लिए आयु सीमा 18 से 42 वर्ष निर्धारित की गई, साथ ही सीधी भर्ती के लिए मान्यता प्राप्त कॉलेज में लैबोरेटरी अटेंडेंट के रूप में पांच वर्ष का अनुभव आवश्यक होगा। पदोन्नति के लिए 10+2 या समकक्ष योग्यता तथा नियमित नियुक्ति के बाद लैबोरेटरी अटेंडेंट के रूप में पांच वर्ष का अनुभव निर्धारित किया गया।

मंत्रिमंडल ने 16 नवंबर, 2021 को अधिसूचित ट्रांसफरेबल डेवलपमेंट राइट्स नीति में संशोधनों को मंजूरी प्रदान की। टीडीआर प्रमाणपत्र के मूल्यांकन की गणना के फार्मूले में बदलाव किया गया है।अब जिस स्थान पर टीडीआर का उपयोग किया जाना है, उस भूमि का मूल्यांकन आवेदन जमा करने की तिथि पर लागू औसत कलेक्टर दर के आधार पर होगा।

संशोधित फार्मूला उन सभी लंबित आवेदनों पर भी लागू होगा, जिनमें टीडीआर उपयोग प्रमाणपत्र जारी करने की अनुमति नहीं दी गई है और उपयोग के लिए सैद्धांतिक मंजूरी भी प्रदान नहीं की गई। टीडीआर प्रमाणपत्रों के उपयोग का दायरा बढ़ाया गया।
अब इन प्रमाणपत्रों का उपयोग उसी डेवलपमेंट प्लान के साथ-साथ प्रदेश के किसी भी कम संभावित विकास योजना में भी किया जा सकेगा ।  पहले इनका उपयोग केवल उसी डेवलपमेंट प्लान तक सीमित था, जिसके लिए प्रमाणपत्र जारी किया जाता था ।       

मंत्रिमंडल ने नई लैंड पूलिंग पॉलिसी-2026 को मंजूरी प्रदान की।इसका उद्देश्य विकास परियोजनाओं के लिए भूमि उपलब्ध करवाने की प्रक्रिया को अधिक प्रभावी बनाना। नई नीति के तहत स्वीकृत लेआउट प्लान के अनुसार परियोजना के कुल बिक्री योग्य क्षेत्र का 50 प्रतिशत हिस्सा भू-मालिकों को तथा शेष 50 प्रतिशत हिस्सा विकास एजेंसी को दिया जाएगा।

भू-मालिकों के 50 प्रतिशत हिस्से में से पात्रता के अनुसार कुछ हिस्सा वाणिज्यिक साइट के रूप में दिया जाएगा।भू-मालिकों को दिए जाने वाले विकसित प्लॉट का न्यूनतम आकार निर्धारित किया गया। आवासीय प्लॉट 100 वर्ग मीटर, संस्थागत प्लॉट 500 वर्ग मीटर और औद्योगिक प्लॉट 250 वर्ग मीटर होगा। लैंड एंटाइटलमेंट सर्टिफिकेट धारक अपने प्रमाणपत्रों को आपस में जोड़कर बड़े आकार के विकसित प्लॉट के लिए संयुक्त रूप से आवेदन कर सकेंगे                                    
 
भू-मालिकों को आर्थिक सहायता प्रदान करने के लिए प्रति एकड़ प्रति वर्ष 1 लाख रुपये की अंतरिम वित्तीय सहायता दी जाएगी। यह राशि भूमि के योगदान के अनुपात में चार वर्ष तक, सेल डीड के पंजीकरण की तिथि से देय होगी। सीएम सैनी ने कहा कि हमारी सरकार लगातार गौशालाओं के विकास गवर्नमेंट संरक्षण की दिशा में उठा रही है महत्वपूर्ण कदम।

इसी दिशा में गौशालाओं को चारे के लिए व शैड के निर्माण के लिए अनुदान राशि दी जाती है। गत दिवस हमने प्रदेश की 629 गौशालाओं को 86 करोड़ 95 लाख रुपए की राशि प्रदान की।

(पंजाब केसरी हरियाणा की खबरें अब क्लिक में Whatsapp एवं Telegram पर जुड़ने के लिए लाल रंग पर क्लिक करें)   

Related Story

Trending Topics

img title
img title

Be on the top of everything happening around the world.

Try Premium Service.

Subscribe Now!