अब नहीं काटने होंगे तहसील के चक्कर: पटवारी को 5 और तहसीलदार को 3 दिन में क्लीयर करना होगा इंतकाल

Edited By Isha, Updated: 03 Sep, 2026 08:39 AM

patwaris will have to clear the mutation within five days

हरियाणा सरकार ने राजस्व अधिकारियों द्वारा दाखिल खारिज (इंतकाल/म्यूटेशन) के मामलों को निपटाने की सख्त समय-सीमा तय की है। लंबित मामलों में कमी लाने और दाखिल खारिज प्रक्रिया में अधिक जवाबदेही

चंडीगढ़: हरियाणा सरकार ने राजस्व अधिकारियों द्वारा दाखिल खारिज (इंतकाल/म्यूटेशन) के मामलों को निपटाने की सख्त समय-सीमा तय की है। लंबित मामलों में कमी लाने और दाखिल खारिज प्रक्रिया में अधिक जवाबदेही लाने के उद्देश्य से अब पटवारियों को 5 दिन में और कानूनगो व वृत्त राजस्व अधिकारियों को 3-3 दिन के भीतर मामलों को स्पष्ट (क्लीयर) करना अनिवार्य होगा।

यह निर्णय वित्त आयुक्त (राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग) डा. सुमिता मिश्रा की अध्यक्षता में आयोजित समीक्षा बैठक में लिया गया। ऑटो-म्यूटेशन सिस्टम की निगरानी, लंबित मामलों और तकनीकी समस्याओं के समाधान के लिए समर्पित मॉनिटरिंग सेल भी गठित किया जाएगा।

5 लाख से अधिक म्यूटेशन निपटे

डा. मिश्रा ने बताया कि अब तक 5 लाख से अधिक म्यूटेशन मामलों का समाधान किया जा चुका है। वहीं करीब 40 हजार पुराने विरासत म्यूटेशन अभी माइग्रेशन के लिए लंबित हैं। उन्होंने ऑटो-म्यूटेशन सिस्टम का टेस्ट चेक 2 दिन में पूरा करने और सत्यापन संतोषजनक रहने पर सभी पुराने लंबित मामलों को 10 दिन के भीतर नए सिस्टम में माइग्रेट

करने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने 23 जून 2026 को ऑटो-म्यूटेशन सिस्टम शुरू किया था। इसमें संपत्ति पंजीकरण के साथ ही म्यूटेशन की प्रक्रिया स्वतः शुरू हो जाती है, जिससे अलग आवेदन की जरूरत नहीं रहती। नागरिक म्यूटेशन की स्थिति ऑनलाइन रियल-टाइम में देख सकते हैं और रिकॉर्ड डाउनलोड व प्रिंट भी कर सकते हैं।

अब व्हाट्सऐप पर मिलेगी हर अपडेट

विभाग म्यूटेशन दस्तावेजों को भी सरल बना रहा है। संशोधित म्यूटेशन प्रिंट प्रारूप हिंदी में होगा और कॉलम के शीर्षक सरल भाषा में होंगे। कॉलम-7 में नया खेवट नंबर तथा जहां लागू हो, लेनदेन की राशि दर्ज की जाएगी। आवेदकों को म्यूटेशन प्रक्रिया के प्रत्येक चरण पर व्हाट्सऐप नोटिफिकेशन मिलेंगे। विभाग के चैटबॉट 'भूमित्रा' का नाम बदलकर 'एच.आर.वाई. भूमित्रा' किया जा रहा है। जमाबंदी के प्रारूप में हदबस्त नंबर, भूमि सर्वेक्षण संख्या और भूस्वामी का पता भी शामिल किया जाएगा। बैठक में हरियाणा अंतरिक्ष अनुप्रयोग केंद्र को 7 सितम्बर तक डिजिटल क्रॉप सर्वे का डेटा उपलब्ध करवाने के निर्देश दिए गए। इस डेटा का 'मेरी फसल मेरा ब्यौरा' के आंकड़ों से मिलान कर विसंगतियों का विश्लेषण किया जाएगा
 

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